मध्य भारत में बना लो-प्रेशर एरिया और उत्तर भारत में एक्टिव हुआ वेस्टर्न डिस्टर्बेंस... दोनों के असर से पहाड़ से लेकर मैदान तक झमाझम बारिश हो रही है। नदियां उफान पर हैं, कई शहर और गांव बाढ़ में डूबे हैं... पहाड़ों में लैंडस्लाइड से 200 से ज्यादा सड़कें बंद हो गई हैं... और कई इलाकों का संपर्क टूट गया है। मौसम विभाग ने अगले 4 दिन तक भारी बारिश की चेतावनी दी है और 12 से ज्यादा राज्यों में अलर्ट जारी किया है...
बात अगर उत्तराखंड की करें तो... उत्तराखंड में बारिश और खराब मौसम के चलते सड़कों के बंद होने का सिलसिला दूसरे दिन भी जारी रहा... मंगलवार को जहां प्रदेश में 172 सड़कें आवाजाही के लिए बंद थीं, वहीं बुधवार को ये संख्या घटकर 152 रह गई। हालांकि, हालात में सुधार बेहद सीमित रहा। सबसे ज्यादा 47 सड़कें नैनीताल में बंद हैं। इसके अलावा चमोली में 21, बागेश्वर में 15, पिथौरागढ़ में 15, देहरादून में 11, टिहरी में 11, रुद्रप्रयाग में 10, अल्मोड़ा में आठ, पौड़ी में आठ और उत्तरकाशी में छह मार्ग बाधित हैं... बड़ी संख्या में सड़कों के बंद होने से स्थानीय लोगों को आवागमन में भारी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है....