रेबीज जैसी गंभीर बीमारी से बचाव को लेकर पशुपालन विभाग रामपुर ने उपमंडल के स्कूलों में जागरूकता अभियान चलाया। इसी कड़ी में डीएवी स्कूल रामपुर और पदम राजकीय उत्कृष्ट वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला रामपुर में विद्यार्थियों के लिए जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किए गए। कार्यक्रम का उद्देश्य बच्चों को रेबीज बीमारी, इसके संक्रमण के तरीके और इससे बचाव के उपायों के बारे में जानकारी देना रहा। साथ ही विद्यार्थियों को पशुओं के प्रति जिम्मेदार और संवेदनशील व्यवहार के लिए भी जागरूक किया गया। पशुपालन विभाग रामपुर के प्रभारी डॉ. अनिल शर्मा ने विद्यार्थियों को रेबीज फैलने के कारणों और संक्रमण के तरीकों के बारे में जानकारी दी। उन्होंने बताया कि कुत्ते या किसी अन्य पशु के काटने की स्थिति में तुरंत सावधानी बरतना जरूरी है। विद्यार्थियों को समय पर चिकित्सकीय सहायता लेने और टीकाकरण के महत्व के बारे में भी बताया गया। कार्यक्रम के दौरान पालतू और आवारा पशुओं के टीकाकरण को भी महत्वपूर्ण बताया गया। विद्यार्थियों को पशुओं के साथ सुरक्षित और संवेदनशील व्यवहार करने की सलाह दी गई। बच्चों को समझाया गया कि वे पशुओं के साथ अनावश्यक छेड़छाड़ से बचें और किसी घटना की स्थिति में तुरंत अपने अभिभावकों तथा संबंधित लोगों को जानकारी दें। जागरूकता कार्यक्रम में विद्यार्थियों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया। उन्होंने रेबीज से जुड़े विभिन्न पहलुओं की जानकारी हासिल की और बीमारी से बचाव के उपायों को समझा। पशुपालन विभाग ने विद्यार्थियों से अपने घर और आसपास के लोगों को भी रेबीज के बारे में जागरूक करने का आह्वान किया। विभाग के अनुसार इस तरह के जागरूकता कार्यक्रम बच्चों को स्वास्थ्य और सुरक्षा के प्रति सजग बनाने के साथ-साथ उनमें पशुओं के प्रति संवेदनशीलता और जिम्मेदारी की भावना भी विकसित करते हैं।