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हमीरपुर: सदर विधायक आशीष शर्मा बोले- मेरे खिलाफ यह तीसरा केस, गलत बोला है तो मानहानि का दावा करे सरकार

मुख्यमंत्री सुखविंद्र सिंह सुक्खू और प्रदेश सरकार को लेकर की गई बयानबाजी के संबंध में दर्ज एफआईआर के बाद हमीरपुर सदर विधायक आशीष शर्मा ने सरकार पर पलटवार किया है। मीडिया से बातचीत में उन्होंने कहा कि कांग्रेस सरकार के कार्यकाल में उनके खिलाफ यह तीसरा मामला है। विधायक ने कहा कि सरकार के पास अब करीब 10 से 11 माह का समय बचा है और सरकार जितनी जांच करवाना चाहे करवा सकती है। उन्होंने अधिकारियों से भी कहा कि किसी मामले में कार्रवाई करने से पहले तथ्यों की तसल्ली कर लें। आशीष शर्मा ने कहा कि विपक्षी विधायक होने के नाते सरकार की कमियों और जनता से जुड़े मुद्दों को उठाना उनकी नैतिक जिम्मेदारी है। उन्होंने कहा कि यदि उनके द्वारा लगाए गए आरोप गलत या तथ्यहीन हैं तो सरकार अदालत में जाकर उनके खिलाफ मानहानि का दावा कर सकती है। उन्होंने लोकतांत्रिक व्यवस्था का हवाला देते हुए कहा कि सरकार की कार्रवाई से वह डरने वाले नहीं हैं। विधायक ने कहा कि भ्रष्टाचार से जुड़े जिन भी मामलों पर वह सवाल उठा रहे हैं, उनके पास अपने आरोपों से संबंधित तथ्य मौजूद हैं। बुधवार को जिला भाजपा की ओर से गांधी चौक पर प्रदेश सरकार के खिलाफ रोष रैली और धरना-प्रदर्शन किया गया था। इस दौरान आशीष शर्मा ने मुख्यमंत्री और सरकार पर कई आरोप लगाते हुए जमीन की खरीद-फरोख्त, हमीरपुर बस अड्डे के निर्माण और रोबोटिक सर्जरी उपकरणों की खरीद को लेकर सवाल उठाए थे। इसके बाद एपीएमसी हमीरपुर के अध्यक्ष अजय शर्मा ने पुलिस में शिकायत दी। शिकायत में विधायक के बयानों को मुख्यमंत्री की छवि को नुकसान पहुंचाने वाला और तथ्यों से परे बताया गया। पुलिस ने शिकायत के आधार पर मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। हमीरपुर के पुलिस अधीक्षक बलवीर ठाकुर के अनुसार शिकायत मिली है और सदर थाना पुलिस मामले की जांच कर रही है। उपलब्ध रिपोर्ट के अनुसार एफआईआर दर्ज होना जांच की शुरुआत है और लगाए गए आरोपों तथा शिकायत में दर्ज तथ्यों की वास्तविक स्थिति जांच और आगे की कानूनी प्रक्रिया में स्पष्ट होगी। इस बीच कांग्रेस नेताओं ने भी विधायक से उनके लगाए आरोपों के समर्थन में तथ्य सामने रखने की मांग की है। कांग्रेस की ओर से कहा गया है कि विधायक को बयान देने से पहले तथ्यों की पुष्टि करनी चाहिए। विधायक ने कहा कि पुलिस में शिकायत और एफआईआर से वह डरने वाले नहीं हैं। उन्होंने कहा कि आने वाले समय में भी वह जनता से जुड़े मुद्दों को उठाते रहेंगे और जिन मामलों में उन्हें अनियमितता नजर आती है, उन पर सवाल करते रहेंगे।

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