सोनीपत। हरियाणा शहरी विकास प्राधिकरण रोहतक की ओर से जमीन का मुआवजा लंबे समय से जारी नहीं किए जाने के विरोध में गांव रायपुर में 12 किसान परिवारों ने मंगलवार को सांकेतिक धरना दिया। पूर्व सरपंच पंडित हरनारायण की अध्यक्षता में सुबह 10 से दोपहर 12 बजे तक किसानों ने 11 कनाल पुश्तैनी जमीन पर टेंट लगाकर धरना दिया। इसमें परिवार की महिलाएं भी शामिल रही। पूर्व सरपंच पंडित हरनारायण ने बताया कि साढ़े तीन वर्ष से अधिकारी किसानों को बार-बार तारीखें देकर टाल रहे हैं। एलएसी नंबर 125 और 132 के तहत करीब 11 कनाल जमीन का मुआवजा अब तक जारी नहीं किया गया है। किसानों ने विभाग के प्रशासक, कानूनगो और पटवारी को सात-आठ बार लिखित शिकायत दी, लेकिन समाधान नहीं हुआ। धरने के दौरान किसानों ने जमीन पर दोबारा कब्जा लेते हुए तारबंदी कर दी। किसानों ने कहा कि पूरा मुआवजा मिलने तक जमीन पर कोई काम नहीं होने दिया जाएगा। उनका कहना है कि इसी जमीन से सड़क का निर्माण किया जा चुका है। किसानों ने प्रशासन और ठेकेदार से पहले मुआवजा देने और इसके बाद ही निर्माण कार्य आगे बढ़ाने की मांग की। 15 दिन का दिया अल्टीमेटम सामाजिक कार्यकर्ता प्रेम गौतम और देवेंद्र गौतम ने किसानों की मांग का समर्थन किया। रक्षक सेना के मनजीत तिहाड़ा ने अधिकारियों 15 दिन में भुगतान जारी करने की चेतावनी दी। योगी धर्मवीर ने मामले को उच्च अधिकारियों और मुख्यमंत्री के संज्ञान में लाने का आश्वासन दिया। समाज पंचायत के संयोजक एवं व्यापार मंडल के जिलाध्यक्ष संजय सिंगला ने भी किसानों की मांग को स्थानीय नेतृत्व के समक्ष उठाने की बात कही। किसानों ने चेतावनी दी कि 15 दिन में मुआवजा जारी नहीं हुआ तो किसान संगठनों और सामाजिक संस्थाओं के सहयोग से बड़ा आंदोलन शुरू किया जाएगा। किसानों ने यह भी बताया कि सड़क के साथ बाजरे की फसल पकने को है और रास्ता खुलने पर आवारा पशुओं से फसल को नुकसान का खतरा है। इन किसानों की है जमीन पंडित हरनारायण, जयप्रकाश, भयराम, प्रेम गौतम , श्रीपाल, रामरतन, धनीराम, होशियार सिंह, कृष्णा, दर्शना, शांति, सुमन, इंद्रावती सहित अन्य किसान परिवार शामिल रहे।