जींद। रक्षाबंधन पर्व पर यात्रियों की संख्या बढ़ने के कारण जिले के प्रमुख रूटों पर बसों की कमी दिखाई दी। खासकर रोहतक, भिवानी और कैथल रूट पर यात्रियों को बसों के लिए काफी इंतजार करना पड़ा। वीरवार को बस अड्डे पर यात्रियों की भीड़ लगी रही और बस आते ही उसमें सवार होने के लिए मारामारी की स्थिति बनती रही। कई रूटों पर यात्रियों को करीब आधा घंटा तक अगली बस का इंतजार करना पड़ा। परिवहन समिति की बसों के कई चक्कर मिस होने के कारण भी यात्रियों को परेशानी का सामना करना पड़ा। रक्षाबंधन पर्व को देखते हुए हरियाणा रोडवेज की ओर से महिलाओं को दोपहर 12 बजे से बसों में निशुल्क सफर की सुविधा दी गई थी। निशुल्क यात्रा का लाभ लेने के लिए बड़ी संख्या में महिलाएं बस अड्डे पर पहुंचीं। इसके साथ ही भाई-बहनों और अन्य यात्रियों की संख्या भी सामान्य दिनों की अपेक्षा काफी अधिक रही। रोहतक रूट पर यात्रियों की सबसे ज्यादा भीड़ देखने को मिली। इसके अलावा भिवानी और कैथल जाने वाले यात्रियों को भी बसों के लिए इंतजार करना पड़ा। कई बार बस आने पर उसमें पहले से ही यात्रियों की संख्या अधिक होने के कारण नए यात्रियों को खड़े होकर सफर करना पड़ा। महिलाओं और बुजुर्ग यात्रियों को भी भीड़ के कारण परेशानी हुई। बॉक्स परिवहन समिति की बसों के चक्कर मिस होने से बढ़ी परेशानी रक्षाबंधन को लेकर परिवहन आयुक्त की तरफ से निजी बसों में निशुल्क सफर को लेकर कोई हिदायत नहीं दी गई थी। हालांकि परिवहन समिति की बस संचालकों को यह सख्त निर्देश जरूर थे कि 27 और 28 अगस्त को सफर के दौरान कोई परेशानी नहीं होनी चाहिए। इसके बावजूद अलग-अलग रूटों पर निजी बसों ने 66 चक्कर मिस कर दिए। इनमें पानीपत रूट पर सात, नरवाना रूट पर नौ, असंध रूट पर 14, बरवाला रूट पर आठ, गोहाना रूट पर 17 और हांसी रूट पर 11 चक्कर मिस किए गए हैं। रोडवेज की ओर से परिवहन समिति की बसों के मिस हुए चक्करों की रिपोर्ट तैयार की जा रही है, जिसे क्षेत्रीय परिवहन प्राधिकरण को सौंपा जाएगा। वर्जन रोडवेज डिपो की सभी 165 बसों ने महिलाओं को निशुल्क सफर करवाया है। वहीं कई रूटों पर निजी बसों ने चक्कर मिस किए हैं, जिनकी रिपोर्ट बनाकर आरटीए कार्यालय को भेजी जाएगी। --राहुल जैन, महाप्रबंधक, रोडवेज डिपो जींद