भिवानी। बहुउद्देशीय स्वास्थ्य कर्मचारी एसोसिएशन हरियाणा की भिवानी इकाई ने गुरुवार को सीएमसी कार्यालय के बाहर अपनी मांगों को लेकर दो घंटे तक धरना-प्रदर्शन किया। इस दौरान कर्मचारियों ने सरकार के खिलाफ नारेबाजी करते हुए पोस्ट कैप करने के फैसले को वापस लेने की मांग की। एसोसिएशन ने अपनी मांगों का ज्ञापन सीएमसी को सौंपा और शुक्रवार को उपायुक्त के माध्यम से सरकार को ज्ञापन भेजने की बात कही। एसोसिएशन के जिला प्रधान रविंद्र कुमार ने आरोप लगाया कि सरकार ऑनलाइन ट्रांसफर पॉलिसी की आड़ में बहुउद्देशीय स्वास्थ्य कर्मचारियों के पदों को कैप कर रही है, जिससे कई पद खत्म होने की आशंका है। उन्होंने दावा किया कि इससे पूरे हरियाणा में करीब 8 हजार और अकेले भिवानी जिले में लगभग 450 कर्मचारी प्रभावित हो रहे हैं। कर्मचारियों का कहना है कि पदों को खत्म करने से स्वास्थ्य सेवाओं पर प्रतिकूल असर पड़ सकता है। प्रदर्शन में पहुंचे एसोसिएशन के पूर्व प्रदेश उपप्रधान राठी ने कहा कि कर्मचारियों का तबादला करना सरकार की नीति का हिस्सा है और उन्हें इससे कोई आपत्ति नहीं है, लेकिन तबादला नीति की आड़ में पदों को खत्म करना उचित नहीं है। उन्होंने उदाहरण देते हुए बताया कि भिवानी जिले के एक गांव की आबादी करीब 9 हजार है और वह शहर से 20 से 22 किलोमीटर दूर स्थित है। वहां एमपीएचब्ल्यू पुरुष कर्मचारी का पद कैप किए जाने से ग्रामीण क्षेत्र में स्वास्थ्य सेवाएं प्रभावित हो सकती हैं।*