पीजीआई के सामुदायिक चिकित्सा विभाग के प्रोफेसर रवींद्र खैवाल ने ठंड में हीटर और ब्लोअर के उपयोग से जुड़ी महत्वपूर्ण सावधानियों के बारे में जानकारी दी। उन्होंने बताया कि हीटर और ब्लोअर को बहुत देर तक चलाने से कमरे की नमी कम हो जाती है, जिससे त्वचा, आंखों और गले में सूखापन, सांस संबंधी दिक्कतें और एलर्जी की समस्या बढ़ सकती है। उन्होंने सलाह दी कि इन उपकरणों का उपयोग करते समय कमरे में हल्की वेंटिलेशन रखें और लंबे समय तक सीधे हवा में न बैठें। प्रो. खैवाल के अनुसार, ब्लोअर की तेज गर्म हवा बच्चों और बुजुर्गों के लिए अधिक हानिकारक हो सकती है, इसलिए समय-समय पर उपकरण बंद करके कमरे का तापमान संतुलित रखें। उन्होंने यह भी सुझाव दिया कि हीटर का उपयोग करते समय पानी से भरा बर्तन या ह्यूमिडिफायर रखने से कमरे की नमी बनी रहती है और स्वास्थ्य संबंधी जोखिम कम होते हैं।