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चेतावनी: यूक्रेन के मुद्दे पर पीछे नहीं हटने पर ब्रिटेन ने दी रूस को नतीजा भुगतने की चेतावनी
Fri, 21 Jan 2022 08:18 PM IST
Amit Mandal
पीटीआई, लंदन
पीटीआई, लंदन
Published by: Amit Mandal
Updated Fri, 21 Jan 2022 08:18 PM IST
सार
ब्रिटेन ने राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन से यूक्रेन के साथ लगती अपनी सीमा पर आक्रमण से आगाह किया, जहां पिछले कुछ हफ्तों में तनाव बढ़ रहा है।
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ब्रिटेन की रूस को चेतावनी
- फोटो : Social media
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विस्तार
ब्रिटेन सरकार ने शुक्रवार को रूस को यूक्रेन के मुद्दे पर पीछे नहीं हटने पर बड़े पैमाने पर परिणाम भुगतने की चेतावनी दी। साथ ही कहा कि वह लोकतंत्र के लिए ऐसे बढ़ते खतरों का मुकाबला करने और स्वतंत्रता के वैश्विक नेटवर्क का निर्माण करने के लिए भारत जैसे भागीदारों के साथ काम कर रहा है। ब्रिटेन की विदेश सचिव लिज ट्रस ने यहां लोरी इंस्टीट्यूट थिंक टैंक में एक भाषण में रूसी राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन से यूक्रेन के साथ अपनी सीमा पर आक्रमण से आगाह किया, जहां पिछले कुछ हफ्तों में तनाव बढ़ रहा है।
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उन्होंने रूस और चीन को लोकतंत्र के खिलाफ लड़ने से चेताते हुए कहा कि वे ऐसा दुस्साहस कर रहे हैं जो शीत युद्ध के युग के बाद से कभी नहीं देखा गया। ट्रस ने कहा कि रूस और चीन एक साथ काम कर रहे हैं, क्योंकि वे कृत्रिम बुद्धिमत्ता जैसी प्रौद्योगिकियों में मानक स्थापित करने का प्रयास कर रहे हैं, संयुक्त सैन्य अभ्यासों के माध्यम से और घनिष्ठ संबंधों के माध्यम से अंतरिक्ष में पश्चिमी प्रशांत पर अपना प्रभुत्व कायम कर रहे हैं।
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चीन और रूस ने एक वैचारिक शून्य देखा और वे इसे भरने की पुरजोर कोशिश कर रहे हैं। वे उस तरह से उत्साहित हैं जैसे हमने शीत युद्ध के बाद से नहीं देखा है। एक लोकतंत्र के रूप में हमें इन खतरों का सामना करने के लिए उठ खड़ा होना चाहिए। उन्होंने कहा कि नाटो के साथ-साथ हम ऑस्ट्रेलिया, भारत, जापान, इंडोनेशिया और इस्राइल जैसे साझेदारों के साथ काम कर रहे हैं ताकि स्वतंत्रता का वैश्विक नेटवर्क तैयार किया जा सके।
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पुतिन से सीधी अपील में लिज ने कहा कि क्रेमलिन ने इतिहास के सबक नहीं सीखे हैं। वे सोवियत संघ को फिर से बनाने का सपना देखते हैं या जातीयता और भाषा के आधार पर एक तरह का ग्रेटर रूस चाहते हैं। हम जानते हैं कि उस रास्ते में क्या है, और मौतें होती हैं और मानव पीड़ा बढ़ती है। इसलिए हम राष्ट्रपति पुतिन से आग्रह करते हैं कि वे एक बड़ी रणनीतिक गलती करने से पहले यूक्रेन से पीछे हट जाएं।