US-China: चीनी इकाइयों ने किया जासूसी गुब्बारे की घुसपैठ का समर्थन, अधिकारियों ने कहा- कार्रवाई करेगा अमेरिका
राज्य विभाग के एक वरिष्ठ अधिकारी ने कहा, हम जानते हैं कि चीन ने 5 महाद्वीपों के चालीस से ज्यादा देशों में इस निगरानी गुब्बारे को ओवरफ्लो किया है।
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चीन के निगरानी गुब्बारे की घुसपैठ के बाद से बीजिंग और वॉशिंगटन के रिश्तों के बीच तनाव बढ़ गया है। इस बीच, अमेरिका अपनी सेना में उन चीनी इकाइयों के खिलाफ कार्रवाई करने की तैयारी कर रहा है, जिन्होंने गुब्बारे की घुसपैठ का समर्थन किया था। अधिकारियों ने गुरुवार को यहां यह बात कही।
30 जनवरी को गुब्बारे ने अमेरिका में किया प्रवेश
साउथ कैरोलिना के तट पर अमेरिका के लड़ाकू विमान ने शनिवार को विशाल गुब्बारे को मार कर अटलांटिक महासागर में गिराया था। इस निगरानी गुब्बारे ने 30 जनवरी को मोंटाना में अमेरिकी हवाई क्षेत्र में प्रवेश किया था, इसके बाद कई दिनों तक यह हवा में तैरता रहा।
'40 से ज्यादा देशों में निगरानी गुब्बारे ने किया ओवरफ्लो'
राज्य विभाग के एक वरिष्ठ अधिकारी ने कहा, हम जानते हैं कि चीन ने 5 महाद्वीपों के चालीस से ज्यादा देशों में इस निगरानी गुब्बारे को ओवरफ्लो किया है। बाइडन प्रशासन इस कार्यक्रम के दायरे के बारे में सीधे देशों से संपर्क कर रहा है और किसी भी सवाल का जवाब दे रहा है।
'निगरानी वाले उपकरण से लैस था गुब्बारा'
नाम न छापने की शर्त पर एक अधिकारी ने कहा कि यह स्पष्ट है कि चीन ने निगरानी के लिए इस गुब्बारे का इस्तेमाल किया था। U-2 फ्लाईबीज़ से उच्च रिज़ॉल्यूशन इमेजरी से पता चला कि हाई अल्टीट्यूड (उच्च ऊंचाई) वाला यह गुब्बारा सिग्नल इंटेलिजेंस कलेक्शन ऑपरेशन करने में सक्षम था। इसके उपकरण स्पष्ट रूप से निगरानी के लिए थे और मौसम वाले गुब्बारों पर लगने वाले उपकरण से अलग थे।
'इंटेलीजेंस कलेक्शन सेंसर को संचालित कर रहे थे सोलार पैनल'
चीनी निगरानी गुब्बारे को मार गिराने के कुछ दिनों बाद अधिकारी ने कहा, इसमें कई एंटेना थे, जो संचार और भू-स्थिति का पता लगाने में सक्षम थे। इसमें कई एक्टिव इंटेलीजेंस कलेक्शन सेंसर को संचालित करने के लिए बड़े सोलार पैनल लगे थे जो इसके लिए जरूरी उर्जा को पूरा करने के लिए पर्याप्त थे।
'पीएलए के निर्देश पर की जाती हैं इस तरह की गतिविधियां'
उन्होंने, हम जानते हैं कि ये सभी गुब्बारे निगरानी अभियान चलाने के लिए विकसित किए गए हैं और यह चीन के बेड़े का हिस्सा हैं। इस तरह की गतिविधियां चीन की पीएलए (पीपु्स लिबरेशन आर्मी) के निर्देश पर की जाती हैं। अमेरिकी अधिकारियों ने बताया कि गुब्बारे की लंबाई करीब साठ मीटर है। इसमें पेलोड का हिस्सा आकार में एक क्षेत्रीय विमान के बराबर है।
चीन ने कहा- अमेरिका ने किया अंतरराष्ट्रीय कानून का उल्लंघन
वहीं, चीन ने भी इस बात को स्वीकार किया है कि यह गुब्बारा उसका था। हालांकि, उसने इस बात से इनकार किया है कि यह निगरानी करने के लिए भेजा गया था। चीन के मुताबिक, यह गुब्बारा मौसम की निगरानी के उद्देश्यों के लिए था और रास्ता भटक गया था। बीजिंग ने आरोप लगाया है कि अमेरिका ने उसके गुब्बारे को मारकर अंतरराष्ट्रीय कानून का उल्लंघन किया है।