Texas Shooting: गोलीबारी में बच्चों को खोने का मंजर नहीं भूले परिवार, बंदूक निर्माता-इंस्टाग्राम के खिलाफ केस
24 मई 2022 की घटना का खौफनाक मंजर लोगों को अब तक सिहरा रहा है। दरअसल, टेक्सास के उवाल्डे में एक प्राइमरी स्कूल में 18 वर्षीय शूटर ने एआर -15 शैली की राइफल से गोलीबारी कर 19 बच्चों समेत दो शिक्षकों को मार डाला था
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
अमेरिका में गोलीबारी होना आम हो गया है। लेकिन टेक्सास के एक स्कूल में करीब दो साल पहले हुई गोलीबारी की घटना आज भी सभी के जहन में हैं। एक प्राथमिक विद्यालय में 18 साल के युवक ने ताबड़तोड़ गोलीबारी कर 21 लोगों की जान ले ली थी। हालांकि, पुलिस ने जवाबी कार्रवाई में हमलावर को भी मार गिराया था। कई परिवार हैं, जो आज भी अपने बच्चों के जाने के गम में डूबे हैं। अब इस मामले में एक नया मोड़ आया है। जिन परिवारों ने अपने बच्चे खोए थे या घायल हुए थे, उन्होंने बंदूक बनाने वालों के साथ-साथ इंस्टाग्राम और वीडियो गेम कंपनी एक्टिविजन पर हथियार को बढ़ावा देने के लिए मुकदमा दायर किया है।
अब तक सिहरा रहा
24 मई 2022 की घटना का खौफनाक मंजर लोगों को अब तक सिहरा रहा है। दरअसल, स्कूल में बंदूक लेकर घुसने की पुलिस को सूचना साढ़े 11 बजे मिल गई थी। विद्यार्थियों के माता-पिता और रिश्तेदार उनकी चिंता में स्कूल के बाहर जमा हो गए थे। स्कूल से आने वाली हर आवाज उन्हें चौकन्ना करती और आंखें यह आशा लिए उस ओर घूम जातीं कि अपनों की सलामती की कोई खबर मिले। सूचना पर पुलिस भी पहुंच चुकी थी, लेकिन वह हालात का जायजा लेने में ही जुटी थी।
10 मिनट पहले फेसबुक पर दी थी सूचना
हत्यारे सल्वाडोर रामोस ने वारदात से 10 मिनट पहले फेसबुक पर इसकी सूचना दी थी। उसने कहा था कि वह प्राथमिक स्कूल में हत्याएं करने जा रहा है। हालांकि अब तक इस घटना के पीछे का मकसद सामने नहीं आया है। टेक्सास के उवाल्डे में एक प्राइमरी स्कूल में 18 वर्षीय शूटर ने एआर -15 शैली की राइफल से गोलीबारी कर 5 से 11 साल के 19 बच्चों समेत दो शिक्षकों को मार डाला था। दो शिक्षकों में एक इरमा गार्सिया नाम की शिक्षिका शामिल थी। उनके पति जो गार्सिया को इस घटना के बाद कथित तौर पर हार्ट अटैक आ गया था, जिससे उनकी मौत हो गई।
परिवारों ने कड़ा कदम उठाया
अब परिवारों ने इस घटना पर कड़ा कदम उठाया है। कंपनियों पर गलत तरीके से मौत और लापरवाही का आरोप लगाते हुए परिवारों के वकील जोश कोस्कॉफ ने कहा कि बंदूक निर्माता डैनियल डिफेंस के साथ ही मेटा-स्वामित्व वाले इंस्टाग्राम और माइक्रोसॉफ्ट के स्वामित्व वाले एक्टिविजन, जिनका कॉल ऑफ ड्यूटी वीडियो गेम है, ने हथियार को बढ़ावा दिया। ऐसे गेम और सोशल मीडिया एप से किशोर लड़कों को घटना को अंजाम देने का साहस मिलता है।
कोस्कॉफ ने जोर देकर कहा कि कंपनियों के आचरण और उवाल्डे में गोलीबारी के बीच एक सीधा संबंध था क्योंकि बंदूकधारी ने 18 साल की उम्र के तुरंत बाद हथियार खरीदा था। उन्होंने कहा कि उसकी हथियार खरीदने के लिए उम्र पर्याप्त थी। लेकिन इंस्टाग्राम, एक्टिविजन और डैनियल डिफेंस ने उसे बंदूक खरीदने के लिए प्रोत्साहित किया।
उन्होंने कहा कि इन तीन ने जानबूझकर उसे हथियार से अवगत कराया। उसे दिखाया कि उसकी सारी समस्याओं का हल एक ही है। साथ ही हथियार का इस्तेमाल करने के लिए उसे प्रशिक्षित किया।
एक्टिविजन ने दी सफाई
एक्टिविजन ने घटना पर दुख जताया। उसने कहा, घटना हर तरह से भयानक और दिल दहला देने वाली। दुनिया भर में लाखों लोग भयानक कृत्यों में बदले बिना वीडियो गेम का आनंद लेते हैं। हालांकि, मेटा और डैनियल डिफेंस ने फिलहाल इस पर कोई जवाब नहीं दिया।