{"_id":"68f3aa05021b664e5d540b1a55d23bdf","slug":"landslide-in-nepal-hindi-news","type":"feature-story","status":"publish","title_hn":"नेपाल में भूकंप के बाद आई एक और बड़ी मुसीबत","category":{"title":"Rest of World","title_hn":"बाकी दुनिया","slug":"rest-of-world"}}
नेपाल में भूकंप के बाद आई एक और बड़ी मुसीबत
Updated Sun, 24 May 2015 03:22 PM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
पश्चिम नेपाल में भूस्खलन के बाद हजारों लोगों को सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाया गया है। भूस्खलन के कारण म्यागदी जिले में काली गंडकी नदी रुक गई है, जिससे वहां एक गहरी झील बन गई है।
विज्ञापन
अधिकारियों का कहना है कि पानी का स्तर 200 मीटर तक चढ़ गया है। अभी तक किसी के हताहत होने की खबर नहीं है, लेकिन मदद के लिए सैनिकों को क्षेत्र में भेजा गया है।
विज्ञापन
नेपाल में 25 अप्रैल को आए विनाशकारी भूकंप के बाद बार-बार भूस्खलन हो रहा है। पिछले महीने आए 7।8 तीव्रता के भूकंप में नेपाल में आठ हजार से ज्यादा लोग मारे गए थे। इसके बाद 12 मई को भी 7.3 तीव्रता के भूकंप से भी नेपाल में जान माल की हानि हुई थी।
विज्ञापन
भूकंप के बाद भूस्खलन
ताजा भूस्खलन लगभग आधी रात को हुआ। गृह मंत्रालय के प्रवक्ता लक्ष्मी प्रसाद ढकाल ने समाचार एजेंसी रॉयटर्स को बताया, "हमने गांव वालों से सुरक्षित जगहों पर जाने को कहा है। "अधिकारियों ने चेतावनी दी है कि इस भूस्खलन और नदी रुकने के कारण नेपाल एक बड़े बिजली संयंत्र को नुकसान हो सकता है।