फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   World ›   Putin suggests putting Ukraine under UN-sponsored external governance, boasts battlefield gains, News in Hindi

Russia Ukraine War: युद्धक्षेत्र में सफलता से पुतिन उत्साहित, कहा- यूक्रेन UN प्रायोजित बाहरी शासन के अधीन रहे

Fri, 28 Mar 2025 04:08 PM IST
पवन पांडेय वर्ल्ड डेस्क, अमर उजाला, मॉस्को
वर्ल्ड डेस्क, अमर उजाला, मॉस्को Published by: पवन पांडेय Updated Fri, 28 Mar 2025 04:08 PM IST
सार

रूस के राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन ने शुक्रवार को एक बयान दिया जिसमें उन्होंने यूक्रेन को संयुक्त राष्ट्र की देखरेख में बाहरी शासन के तहत रखने का सुझाव दिया। उनका कहना था कि यह कदम एक शांति समझौते तक पहुंचने के प्रयासों के तहत हो सकता है।

विज्ञापन
Putin suggests putting Ukraine under UN-sponsored external governance, boasts battlefield gains, News in Hindi
व्लादिमीर पुतिन, रूसी राष्ट्रपति - फोटो : ANI

विस्तार

यूक्रेन के खिलाफ युद्धक्षेत्र में सफलता से रूसी राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन काफी उत्साहित है। वहीं शुक्रवार की सुबह टेलीविजन पर प्रसारित अपने संबोधन में उन्होंने रूसी परमाणु पनडुब्बी के चालक दल को संबोधित किया। इस दौरान व्लादिमीर पुतिन ने कहा कि यूक्रेन को संयुक्त राष्ट्र प्रायोजित बाहरी शासन के अधीन रखा जाए।
विज्ञापन


पुतिन ने जेलेंस्की को बताया अवैध
वहीं इस दौरान व्लादिमीर पुतिन ने यूक्रेनी राष्ट्रपति वोलोडिमिर जेलेंस्की को अवैध बताया, क्योंकि उनका कार्यकाल पिछले साल समाप्त हो गया था और उनके अनुसार, कोई भी समझौता जो वर्तमान यूक्रेनी सरकार के साथ किया जाएगा, उसे उनके उत्तराधिकारी चुनौती दे सकते हैं। बता दें कि, यूक्रेन के संविधान के तहत देश में मार्शल लॉ के दौरान राष्ट्रीय चुनाव कराना अवैध है।
विज्ञापन


यह भी पढ़ें - Jaishankar: पाकिस्तान को लेकर विदेश मंत्री का जवाब, कहा- अल्पसंख्यकों के साथ व्यवहार पर भारत रखता है कड़ी नजर
विज्ञापन
विज्ञापन


यूक्रेन में अस्थायी शासन पर पुतिन की टिप्पणी
पुतिन ने कहा कि संयुक्त राष्ट्र के तहत, अमेरिका और यूरोपीय देशों के साथ, वे यूक्रेन में अस्थायी शासन स्थापित करने पर विचार कर सकते हैं, ताकि वहां लोकतांत्रिक चुनाव हो सकें और एक ऐसा सरकार बनी जो जनता का विश्वास हासिल करे। इसके बाद ही शांति समझौते पर बातचीत की जा सकती है। 


मैक्रों के शांति सम्मेलन के बाद पुतिन का बयान
रूस के राष्ट्रपति का यह बयान फ्रांस के राष्ट्रपति इमैनुएल मैक्रों की तरफ से आयोजित शांति सम्मेलन के बाद आया, जिसमें यूक्रेन में शांति स्थापित करने के लिए सैनिकों को तैनात करने पर चर्चा हुई थी। हालांकि, रूस ने चेतावनी दी है कि वह नाटो देशों के सैनिकों को शांति सेना के रूप में स्वीकार नहीं करेगा। पुतिन ने इस दौरान मांग की है कि कीव उन चार क्षेत्रों से अपनी सेना वापस ले ले, जिन पर मॉस्को ने आंशिक रूप से कब्जा कर लिया है। वह यह भी चाहते हैं कि यूक्रेन नाटो में शामिल होने से इनकार करे, अपनी सेना में भारी कटौती करे और देश को मॉस्को की कक्षा में रखने के लिए कानूनी रूप से रूसी भाषा और संस्कृति की रक्षा करे।

यह भी पढ़ें - Bangladesh: 'मुल्क नहीं, यूनुस और उनके सहयोगियों के साढ़े सात महीने अच्छे रहे', पूर्व मंत्री का सरकार पर आरोप

'सभी मोर्चों पर बढ़त बना रही है रूस की सेना'
इस बीच, रूस और यूक्रेन के बीच हाल में ऊर्जा ढांचों पर हमले और झड़पें जारी रही हैं, जिससे शांति समझौते की दिशा में आगे बढ़ने में कठिनाइयां आ रही हैं। पुतिन ने यह भी कहा कि रूस की सेना सभी मोर्चों पर आक्रामक बढ़त बना रही है और युद्ध के परिणामों को अपने पक्ष में मोड़ने के लिए संघर्ष कर रही है। हमारे सैनिक संपर्क की रेखा के साथ-साथ रणनीतिक पहल कर रहे हैं। 

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get latest World News headlines in Hindi related political news, sports news, Business news all breaking news and live updates. Stay updated with us for all latest Hindi news.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed