फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   World ›   Pakistan Army says it has nothing to do with politics and General Bajwa to retire on 29 November 2022 news in Hindi

पाकिस्तान: सेना ने कहा- राजनीति से हमारा कोई लेना-देना नहीं, 29 नवंबर को सेवानिवृत्त होंगे जनरल कमर जावेद बाजवा

Thu, 14 Apr 2022 09:47 PM IST
गौरव पाण्डेय वर्ल्ड डेस्क, अमर उजाला, इस्लामाबाद
वर्ल्ड डेस्क, अमर उजाला, इस्लामाबाद Published by: गौरव पाण्डेय Updated Thu, 14 Apr 2022 09:47 PM IST
सार

पाकिस्तान की सेना के प्रवक्ता बाबर इफ्तिखार ने गुरुवार को एक प्रेस वार्ता में कहा कि पाकिस्तान की सेना का राजनीति से कोई लेना-देना नहीं है और हमने तय किया है कि भविष्य में भी हम राजनीति में दखल नहीं देंगे।

विज्ञापन
Pakistan Army says it has nothing to do with politics and General Bajwa to retire on 29 November 2022 news in Hindi
पाकिस्तान की सेना के प्रमुख जनरल कमर जावेद बाजवा - फोटो : एएनआई (फाइल)

विस्तार

पाकिस्तान में चल रहे सियासी बदलाव के यहां की सेना ने गुरुवार को कहा कि हमारा राजनीति से कोई लेना-देना नहीं है और हम रगैर-राजनीतिक बने रहेंगे। सेना ने यह भी कहा कि सेना प्रमुख जनरल कमर जावेद बाजवा अपने कार्यकाल में विस्तार नहीं चाह रहे हैं और वह 29 नवंबर को सेवानिवृत्त हो जाएंगे। बता दें कि पाकिस्तान की राजनीति में सेना का गहरा दखल माना जाता है। 

विज्ञापन


इमरान खान के सत्ता से बाहर हो जाने के बाद सेना के खिलाफ चल रहे एक सोशल मीडिया अभियान में उस पर आरोप लगाए जा रहे हैं कि उसने इमरान का समर्थन नहीं किया। सेना के प्रवक्ता मेजर जनरल बाबर इफ्तिखार ने कहा कि पाकिस्तान की व्यवस्था लोकतंत्र पर आधारित है और इसकी मजबूती हमारे लोकतंत्र, संसद, सुप्रीम कोर्ट और सशस्त्र बलों जैसे अहम संस्थानों से है।
विज्ञापन


एक प्रेस वार्ता के दौरान बाबर इफ्तिखार ने कहा कि पाकिस्तान की सेना का राजनीति से कोई लेना-देना नहीं है और हमने तय किया है कि भविष्य में भी हम राजनीति में दखल नहीं देंगे। यह प्रेस वार्ता विपक्षी नेता शहबाज शरीफ के नए प्रधानमंत्री के तौर पर शपथ लेने के तीन दिन बाद हुई है। बाबर ने कहा कि हमारी भूमिका को बताने के लिए तटस्थ से बेहतर शब्द गैर-राजनीतिक होगा।
विज्ञापन
विज्ञापन


इससे पहले हाल ही में पाकिस्तानी सेना के कॉर्प्स कमांडरों की एक कॉन्फ्रेंस हुई थी। इसमें देश के राजनीतिक हालात को देखते हुए सेना के शीर्ष नेतृत्व ने आश्वासन देते हुए कहा था कि सेना अपनी जिम्मेदारियों से वाकिफ है। उन्होंने कहा था कि हम सभी आंतरिक और बाहरी खतरों के खिलाफ हर परिस्थिति में अपने देश की क्षेत्रीय अखंडता और संप्रभुता की सुरक्षा करना जारी रखेंगे। 

'बातचीत करने के लिए भी तैयार नहीं था देश का राजनीतिक नेतृत्व'
सत्ता परिवर्तन को लेकर सेना के प्रवक्ता ने कहा कि यह दुर्भाग्यपूर्ण रहा कि हमारा राजनीतिक नेतृत्व बात करने के लिए तैयार नहीं था। इसलिए सेना प्रमुख और आईएसआई के महानिदेशक प्रधानमंत्री कार्यालय गए थे और तीन परिदृश्यों पर चर्चा हुई थी। इनमें से पहला परिदृश्य यह था कि अविश्वास प्रस्ताव का आयोजन हो, दूसरा प्रधानमंत्री इस्तीफा दें और तीसरा संसद को भंग करना था।


अस्वस्थ थे इसलिए शपथ ग्रहण समारोह में शामिल नहीं हुए थे बाजवा
इफ्तिखार ने कहा कि सेना की ओर से कोई विकल्प नहीं दिया गया था। सेना के साथ विपक्षी दलों की बैठक की अफवाहों को खारिज करते हुए उन्होंने कहा कि इन दावों में कोई सच्चाई नहीं है। उन्होंने कहा कि जिस दिन शहबाज शरीफ ने प्रधानमंत्री पद की शपथ ग्रहण की थी उस दिन जनरल बाजवा अस्वस्थ थे और इसी के चलते वह शपथ ग्रहण समारोह में शामिल नहीं हो सके थे।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get latest World News headlines in Hindi related political news, sports news, Business news all breaking news and live updates. Stay updated with us for all latest Hindi news.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed