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नेपाल गूगल और अंतरराष्ट्रीय बिरादरी को भेजेगा विवादित नक्शा, भारतीय क्षेत्र पर किया दावा

Sun, 02 Aug 2020 12:36 PM IST
Sneha Baluni वर्ल्ड डेस्क, अमर उजाला, काठमांडू
वर्ल्ड डेस्क, अमर उजाला, काठमांडू Published by: Sneha Baluni Updated Sun, 02 Aug 2020 12:36 PM IST
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Nepal govt intends to send its revised map to India Google international community by middle of August
नेपाल के प्रधानमंत्री केपी शर्मा ओली (फाइल फोटो) - फोटो : ANI

भारत और चीन के बीच जहां सीमा पर तनाव जारी है। वहीं भारत और नेपाल के बीच गहमागहमी बढ़ती जा रही है। नेपाल सरकार अगस्त के मध्य तक विवादित नक्शे को भारत, गूगल, संयुक्त राष्ट्र और अंतरराष्ट्रीय समुदाय को भेजेगी। इसकी जानकारी एक मंत्री ने दी। संशोधित नक्शे में नेपाल ने भारतीय क्षेत्र लिंप्युधारा, लिपुलेख और कालापानी पर अपना दावा किया है। 

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भूमि प्रबंधन, सहकारिता और गरीबी उन्मूलन मंत्री पद्म आर्यल ने कहा, ‘हम संशोधित मानचित्र जिसमें लिंप्युधारा, लिपुलेख और कालापानी है उसे संयुक्त राष्ट्र की विभिन्न एजेंसियों और भारत सहित अंतरराष्ट्रीय समुदाय को भेजेंगे। इस महीने के मध्य तक यह प्रक्रिया पूरी हो जाएगी।’
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मंत्रालय ने माप विभाग से नेपाल के मानचित्र के संशोधित संस्करण की 4,000 प्रतियां अंग्रेजी भाषा में मुद्रित करने और इसे अंतरराष्ट्रीय समुदाय को भेजने के लिए कहा है। विभाग ने मानचित्र के नवीनतम संस्करण की 25,000 प्रतियों को मुद्रित किया है जिन्हें राष्ट्र भर में वितरित किया गया है। प्रांतीय और अन्य सभी सार्वजनिक कार्यालयों को मुफ्त में प्रतियां दी जाएंगी जबकि लोग 50 नेपाली रुपये में इसे खरीद सकते हैं।
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नेपाल में केपी शर्मा ओली के नेतृत्व वाली सरकार ने 20 मई को संशोधित राजनीतिक और प्रशासनिक मानचित्र जारी किया था। संसद द्वारा विवादास्पद मानचित्र को पारित करने के बाद सरकार अब अपने संशोधित मानचित्र को अंतरराष्ट्रीय समुदाय को भेजने की तैयारी में है।

बता दें कि रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह द्वारा आठ मई को उत्तराखंड के धारचूला से लिपुलेख पास को जोड़ने वाली 80 किलोमीटर लंबी रणनीतिक सड़क का उद्घाटन करने के बाद भारत और नेपाल के बीच द्विपक्षीय संबंध में तनाव आ गया था। नेपाल ने सड़क उद्घाटन पर प्रतिक्रिया देते हुए दावा किया था कि सड़क का कार्य नेपाली क्षेत्र में किया जा रहा है। भारत ने उसके इस दावे को खारिज कर दिया था और कहा था कि सड़क पूरी तरह से उसके क्षेत्र में है।

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