फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   World ›   Nepal: After Balen, UNP patron Kulman Ghising also joins RSP; former HM clarifies on Gen-Z protests

नेपाल: बालेन के बाद UNP संरक्षक कुलमान घीसिंग भी आरएसपी में शामिल; पूर्व गृह मंत्री की जेन-जी प्रदर्शन पर सफाई

Wed, 31 Dec 2025 06:47 AM IST
पवन पांडेय अतुल मिश्र, अमर उजाला, काठमांडू
अतुल मिश्र, अमर उजाला, काठमांडू Published by: पवन पांडेय Updated Wed, 31 Dec 2025 06:47 AM IST
सार

नेपाल में आम चुनाव से पहले लगातार राजनीतिक उठापटक देखने को मिल रही है। बता दें कि बालेन शाह के बाद यूएनपी संरक्षक कुलमान घीसिंग भी आरएसपी में शामिल हो गए हैं। वहीं पूर्व गृह मंत्री रमेश लेखक ने जेन-जी प्रदर्शन से जुड़े जांच को लेकर अपना पक्ष रखा है।

विज्ञापन
Nepal: After Balen, UNP patron Kulman Ghising also joins RSP; former HM clarifies on Gen-Z protests
UNP संरक्षक कुलमान घीसिंग भी आरएसपी में शामिल - फोटो : ANI

विस्तार

नेपाल में वैकल्पिक राजनीति का चेहरा बने बालेन शाह के बाद उज्यालो नेपाल पार्टी (यूएनपी) प्रमुख कुलमान घीसिंग भी रबी लामिछाने की राष्ट्रीय स्वतंत्र पार्टी (आरएसपी) में शामिल हो गए। दोनों दलों के बीच एकीकरण के लिए सात सूत्रीय समझौते पर हस्ताक्षर किए गए।
विज्ञापन


ये भी पढ़ें - US: ड्रोन और मिसाइल कारोबार पर अमेरिका की सख्ती, ईरान-वेनेजुएला के 10 लोगों और कंपनियों पर प्रतिबंध
विज्ञापन


यह समझौता काठमांडू में सोमवार को आरएसपी अध्यक्ष लामिछाने और यूएनपी के संरक्षक घीसिंग के बीच हुई बैठक के बाद हुआ। ऊर्जा मंत्री घीसिंग ने बाद में आरएसपी में शामिल होने की घोषणा करते हुए कहा कि वह नई पार्टी में उपाध्यक्ष पद संभालेंगे। करार के मौके पर काठमांडो के मेयर बालेन शाह भी मौजूद थे। यूएनपी के साथ एकीकरण के बाद आरएसपी में अब तीन उपाध्यक्ष होंगे। इनमें कुलमान घिसिंग, डीपी आर्याल और स्वर्णिम वाग्ले शामिल हैं।
विज्ञापन
विज्ञापन


ये भी पढ़ें - Kaamya Karthikeyan: –30 डिग्री, 115 किमी और अटूट हौसला; 18 साल की काम्या ने साउथ पोल फतह कर रच दिया इतिहास

जेन-जी पर बल प्रयोग का नहीं दिया आदेश- रमेश
वहीं नेपाल में सितंबर में जेन-जी प्रदर्शनों के दौरान हुई हिंसा के मामले में पूर्व गृह मंत्री रमेश लेखक ने उच्चस्तरीय जांच आयोग के समक्ष पेश होकर गवाही दर्ज कराई। उन्होंने लिखित बयान में कहा, मैंने प्रदर्शनकारियों पर बल प्रयोग का आदेश नहीं दिया था। कानूनन गृह मंत्री को सीधे बल प्रयोग का निर्देश देने का अधिकार नहीं है। लेखक ने कहा, केंद्रीय सुरक्षा समिति की बैठक में उन्होंने सुरक्षा एजेंसियों से साफ कहा था कि किसी भी हाल में कोई मौत न हो, यह सुनिश्चित किया जाए।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get latest World News headlines in Hindi related political news, sports news, Business news all breaking news and live updates. Stay updated with us for all latest Hindi news.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed