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ट्विटर ने 70,000 से ज्यादा अकाउंट्स किए निलंबित, कैपिटल हिंसा से जुड़ा कंटेंट कर रहे थे शेयर
Tue, 12 Jan 2021 09:03 AM IST
Tanuja Yadav
वर्ल्ड डेस्क, अमर उजाला, वॉशिंगटन
वर्ल्ड डेस्क, अमर उजाला, वॉशिंगटन
Published by: Tanuja Yadav
Updated Tue, 12 Jan 2021 09:03 AM IST
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कैपिटल परिसर में ट्रंप के समर्थकों की पुलिस से झड़प हो गई।
- फोटो : PTI
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अमेरिका की राजधानी वॉशिंगटन में कैपिटल हिल में हुई हिंसा को लेकर ट्विटर 70,000 से ज्यादा अकाउंट्स को निलंबित कर दिया है। ये वो खाते थे, जो QAnon से जुड़ी सामग्री को सोशल मीडिया पर साझा कर रहे थे। ट्विटर ने आधिकारिक अकाउंट से इस बात की जानकारी दी।
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ट्विटर ने एक ब्लॉग में लिखकर जानकारी साझा की और कहा कि अमेरिकी की राजधानी वॉशिंगटन डीसी में हिंसात्मक घटनाओं और नुकसान के बढ़ते खतरे को देखते हुए हमने QAnon से जुड़ी सामग्री को साझा करने वाले हजारों अकाउंट्स को निलंबित कर दिया है।
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More than 70,000 accounts have been suspended following the riots in Washington DC. These accounts were engaged in sharing harmful QAnon-associated content: Twitter Inc
— ANI (@ANI) January 12, 2021
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ट्रंप समर्थक पर ये आरोप लगे
अमेरिका के अटॉनी कार्यालय के मुताबिक, अमेरिकी हिंसा मामले में संघीय अदालत में इन लोगों को आरोपी बनाया गया है। सींग वाली टोपी पहने ट्रंप समर्थक पर जानबूझकर प्रतिबंधित इमारत में जबरन प्रवेश करने, हिंसा फैलाने, संसद का अपमान करने समेत कई आरोप लगाए गए हैं। अमेरिका के अटॉनी कार्यालय की ओर से जारी बयान में कहा गया कि चैंसले को मीडिया और सोशल मीडिया में अमेरिकी ध्वज के साथ अमेरिकी संसद की इमारत में देखा गया है।
क्या था मामला
कोरोना महामारी के बीच अमेरिका में गत तीन नवंबर को राष्ट्रपति चुनाव हुआ था। इसमें डेमोक्रेट उम्मीदवार जो बाइडन की जीत हुई थी और रिपब्लिकन पार्टी के प्रत्याशी डोनाल्ड ट्रंप की पराजय का सामना करना पड़ा। चुनाव नतीजे आने के दो माह बाद भी ट्रंप ने बाइडन के हाथों अपनी हार नहीं मानी और चुनाव में धांधली के आरोप लगाते रहे।
उन्होंने चुनाव नतीजों को कई प्रांतों की अदालतों में चुनौती भी दी, लेकिन ट्रंप को निराशा ही हाथ लगी। अदालत से निराश होने के बाद ट्रंप देश की जनता का समर्थन हासिल करने का दंभ भरते रहे, लेकिन जब कांग्रेस ने जो बाइडन की जीत पर मुहर लगा दी तब उनके लिए सारे रास्ते बंद हो गए। ऐसे में उनके समर्थकों की मायूसी हिंसा में तब्दील हो गई।
ट्रंप के समर्थकों ने कैपिटल हिल में जानबूझकर घुसकर हिंसा और तोड़-फोड़ की। इसमें घटना में चार लोगों के मारे जाने की भी खबर है।