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Meta: एलन मस्क के 'एक्स' को टक्कर देगा मेटा का नया प्रोग्राम, जानें फेसबुक और इंस्टाग्राम में क्या होगा बदलाव
Tue, 07 Jan 2025 08:40 PM IST
पवन पांडेय
वर्ल्ड डेस्क, अमर उजाला, न्यूयॉर्क
वर्ल्ड डेस्क, अमर उजाला, न्यूयॉर्क
Published by: पवन पांडेय
Updated Tue, 07 Jan 2025 08:40 PM IST
सार
सोशल नेटवर्किंग साइट फेसबुक और इंस्टाग्राम में जल्द ही बड़ा बदलाव होने वाला है। बता दें कि मेटा जल्द ही एक पुराने प्रोग्राम को बंद कर उसकी जगह नया प्रोग्राम लाने जा रही है। जानकारी के मुताबिक, ये नया प्रोग्राम एलन मस्क के एक्स को टक्कर देने के लिए लाया जा रहा है।
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Meta
- फोटो : Meta
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विस्तार
फेसबुक और इंस्टाग्राम की मालिक कंपनी मेटा ने मंगलवार को कहा कि वह अपनी थर्ड-पार्टी फैक्ट-चेकिंग (सत्यापन) प्रोग्राम को बंद कर रही है और इसकी जगह 'कम्युनिटी नोट्स' नाम का एक नया प्रोग्राम शुरू कर रही है। यह प्रोग्राम यूजर्स की तरफ से लिखा जाएगा, जो एलन मस्क के सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म 'एक्स' (पहले ट्विटर) की तरह काम करेगा। जानकारी के मुताबिक ये प्रोग्राम सबसे पहले अमेरिका से लागू किया जाएगा।
थर्ड-पार्टी फैक्ट-चेकिंग प्रोग्राम को खत्म करेगा मेटा
बता दें कि, अमेरिका से शुरुआत करते हुए, मेटा स्वतंत्र थर्ड-पार्टी फैक्ट-चेकिंग प्रोग्राम को खत्म कर देगी। कंपनी ने कहा कि उसने यह फैसला इसलिए लिया क्योंकि एक्सपर्ट फैक्ट-चेकर्स भी अपने खुद के पूर्वाग्रह रखते हैं, और बहुत ज्यादा कंटेंट का फैक्ट-चेक किया जाने लगा था। इसलिए अब मेटा 'कम्युनिटी नोट्स' मॉडल अपनाएगी।
'अधिक अभिव्यक्ति' की अनुमति देने की योजना
मामले में मेटा के चीफ ग्लोबल अफेयर्स ऑफिसर जोएल कैपलन ने एक ब्लॉग पोस्ट में कहा, 'हमने देखा है कि यह तरीका 'एक्स' पर काम करता है, जहां वे अपनी कम्युनिटी को यह तय करने का अधिकार देते हैं कि कब पोस्ट भ्रामक हो सकते हैं और उन्हें अधिक संदर्भ की जरूरत है। इसके साथ ही, मेटा ने कहा कि वह 'अधिक अभिव्यक्ति' की अनुमति देने की योजना बना रही है और कुछ विषयों पर लगी पाबंदियां हटाएगी, जो मुख्यधारा की चर्चा का हिस्सा हैं। कंपनी अब अवैध और 'उच्च गंभीरता वाले उल्लंघनों' जैसे आतंकवाद, बाल यौन शोषण और ड्रग्स पर ध्यान केंद्रित करेगी।
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जटिल सिस्टम ने 'बहुत ज्यादा गलतियां' की- मेटा
मेटा ने यह भी माना कि उसके की तरफ से कंटेंट को मैनेज करने के लिए बनाए गए जटिल सिस्टम ने 'बहुत ज्यादा गलतियां' की हैं और 'बहुत सारे कंटेंट' को सेंसर कर दिया है। वहीं मेटा के सीईओ मार्क जुकरबर्ग ने कहा कि इन बदलावों का एक कारण डोनाल्ड ट्रंप की राष्ट्रपति चुनाव में जीत भी है। जुकरबर्ग ने एक ऑनलाइन वीडियो में कहा, 'हाल के चुनाव एक सांस्कृतिक मोड़ की तरह लगते हैं, जहां अभिव्यक्ति को एक बार फिर से प्राथमिकता दी जा रही है।'
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थर्ड-पार्टी फैक्ट-चेकिंग प्रोग्राम को खत्म करेगा मेटा
बता दें कि, अमेरिका से शुरुआत करते हुए, मेटा स्वतंत्र थर्ड-पार्टी फैक्ट-चेकिंग प्रोग्राम को खत्म कर देगी। कंपनी ने कहा कि उसने यह फैसला इसलिए लिया क्योंकि एक्सपर्ट फैक्ट-चेकर्स भी अपने खुद के पूर्वाग्रह रखते हैं, और बहुत ज्यादा कंटेंट का फैक्ट-चेक किया जाने लगा था। इसलिए अब मेटा 'कम्युनिटी नोट्स' मॉडल अपनाएगी।
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'अधिक अभिव्यक्ति' की अनुमति देने की योजना
मामले में मेटा के चीफ ग्लोबल अफेयर्स ऑफिसर जोएल कैपलन ने एक ब्लॉग पोस्ट में कहा, 'हमने देखा है कि यह तरीका 'एक्स' पर काम करता है, जहां वे अपनी कम्युनिटी को यह तय करने का अधिकार देते हैं कि कब पोस्ट भ्रामक हो सकते हैं और उन्हें अधिक संदर्भ की जरूरत है। इसके साथ ही, मेटा ने कहा कि वह 'अधिक अभिव्यक्ति' की अनुमति देने की योजना बना रही है और कुछ विषयों पर लगी पाबंदियां हटाएगी, जो मुख्यधारा की चर्चा का हिस्सा हैं। कंपनी अब अवैध और 'उच्च गंभीरता वाले उल्लंघनों' जैसे आतंकवाद, बाल यौन शोषण और ड्रग्स पर ध्यान केंद्रित करेगी।
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जटिल सिस्टम ने 'बहुत ज्यादा गलतियां' की- मेटा
मेटा ने यह भी माना कि उसके की तरफ से कंटेंट को मैनेज करने के लिए बनाए गए जटिल सिस्टम ने 'बहुत ज्यादा गलतियां' की हैं और 'बहुत सारे कंटेंट' को सेंसर कर दिया है। वहीं मेटा के सीईओ मार्क जुकरबर्ग ने कहा कि इन बदलावों का एक कारण डोनाल्ड ट्रंप की राष्ट्रपति चुनाव में जीत भी है। जुकरबर्ग ने एक ऑनलाइन वीडियो में कहा, 'हाल के चुनाव एक सांस्कृतिक मोड़ की तरह लगते हैं, जहां अभिव्यक्ति को एक बार फिर से प्राथमिकता दी जा रही है।'