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तकरार: इन्फ्रास्ट्रक्चर पैकेज पर बाइडन की मुसीबतों का अंत नहीं, पहले विपक्ष अब अपनी ही पार्टी के नेता हुए नाराज

Tue, 29 Jun 2021 03:45 PM IST
प्रशांत कुमार वर्ल्ड डेस्क, अमर उजाला
वर्ल्ड डेस्क, अमर उजाला Published by: प्रशांत कुमार Updated Tue, 29 Jun 2021 03:45 PM IST
सार

महत्त्वाकांक्षी इन्फ्रास्ट्रक्चर पैकेज को लेकर अमेरिका के राष्ट्रपति जो बाइडन की मुश्किलों का अंत नजर नहीं आ रहा है। उनके बयान से नाराज हुए रिपब्लिकन पार्टी के सीनेटरों को उन्होंने बड़ी मुश्किल से संभाला, तो अब खुद उनकी पार्टी के प्रोग्रेसिव नेता भड़क उठे हैं। 

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Joe Biden massive infrastructure package Republican Democratic Senators oppose bill
अमेरिका के राष्ट्रपति जो बाइडेन - फोटो : PTI

विस्तार

बाइडन ने पिछले हफ्ते रिपब्लिकन पार्टी के सीनेटरों के एक समूह के साथ इन्फ्रास्ट्रक्चर पैकेज के एक हिस्से को पास कराने पर सहमति बनाई थी। लेकिन उसके बाद उन्होंने कह दिया कि आम सहमति से पास होने वाले बिल पर वे तब तक दस्तखत नहीं करेंगे, जब तक साथ ही आम अमेरिकी जनता की मदद वाला बिल भी सीनेट से पारित नहीं होता। इसे रिपब्लिकन सीनेटरों के समूह ने वादाखिलाफी बताया। तब बाइडन को सार्वजनिक बयान जारी कर सफाई देनी पड़ी। उन्होंने कहा- ‘मेरी टिप्पणी से ये भ्रम पैदा हुआ कि मैं उस योजना को वीटो करने की बात कह रहा हूं, जिस पर सहमत हो चुका हूं। मेरा वह इरादा नहीं था। मेरी बातों का सार यह है कि मैं इन्फ्रास्टक्चर योजना को अपना समर्थन देने पर कायम हूं।’

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रिपब्लिकन सीनेटरों के साथ राष्ट्रपति की बनी सहमति में उनके 2.3 ट्रिलियन डॉलर के मूल पैकेज के सिर्फ एक हिस्से को पारित करने की सहमति बनी है। ये हिस्सा वो है, जिसे परंपरागत रूप से इन्फ्रास्ट्रक्चर माना जाता है। इसमें बाल देखभाल, परिवारों को वेतन सहित अवकाश, मेडिकेयर योजना के विस्तार आदि जैसी बातें छोड़ दी गई हैँ। पहले राष्ट्रपति ने संकेत दिया था कि वे इन योजनाओं को अलग बिल के रूप में पारित कराएंगे। जब तक ये पास नहीं हो जातीं, आम सहमति से पारित होने वाले बिल को वे मंजूरी नहीं देंगे। 
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रिपब्लिकन सीनेटर माने तो डेमोक्रेटिक पार्टी में खड़ा हुआ विवाद
उनकी सफाई आने के बाद रिपब्लिकन सीनेटर तो संतुष्ट हो गए हैं, लेकिन डेमोक्रेटिक पार्टी में विवाद खड़ा हो गया है। सीनेट की बजट समिति के अध्यक्ष और सोशलिस्ट नेता बर्नी सैंडर्स ने दो टूक कहा है कि दोनों पार्टियों की सहमति से ऐसा कोई इन्फ्रास्ट्रक्चर बिल पारित नहीं होगा, जिसके साथ ही कामकाजी परिवारों के जीवन में सुधार और जलवायु परिवर्तन रोकने की योजनाओं को भी सीनेट की मंजूरी नहीं मिलती है। हाउस ऑफ रिप्रजेंटेटिव में डेमोक्रेटिक पार्टी की नेता नैंसी पेलोसी ने साफ कहा है कि जब तक सीनेट दोनों बिल को पारित नहीं करता, उनके सदन में ऊपरी सदन से पास हुए इन्फ्रास्ट्रक्चर बिल को मंजूरी नहीं दी जाएगी। 
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विवाद बढ़ने के बाद रिपब्लिकन नेता मैकॉनेल ने तस्वीर साफ करने की मांग की
ह्वाइट हाउस ने दस सीनेटरों के समूह के साथ सहमति बनाई है, लेकिन उनमें सीनेट में रिपब्लिकन पार्टी के नेता मिच मैकॉनेल शामिल नहीं हैं। मैकॉनेल पहले कह चुके हैं कि जो बाइडन की योजना को पारित ना होने देना उसका ‘सौ फीसदी एजेंडा’ है। अब डेमोक्रेटिक पार्टी में खड़े हुए मतभेद के बाद उन्होंने मांग की है कि ह्वाइट हाउस इस मामले में स्थिति साफ करे। डेमोक्रेटिक पार्टी के प्रोग्रेसिव खेमे की रणनीति यह है कि जिन बिंदुओं पर आम सहमति बनी है, उन्हें सीनेट की आम प्रक्रिया से पास कराया जाए। जिन पर आम सहमति नहीं है, उनसे संबंधित बिल को बजट रिकॉन्सिलिएशन प्रक्रिया से पास कराया जाए। इस प्रक्रिया के तहत साधारण बहुमत से वित्तीय बिल पास होते हैँ।


 मैकॉनेल का कहना है कि अगर ह्वाइट हाउस साफ तौर पर बजट रिकॉन्सिलिएशन प्रक्रिया का इस्तेमाल करने से इनकार नहीं करता है, तो इन्फ्रास्ट्रक्चर पैकेज के जिस हिस्से पर आम सहमति बनी है, वे उसे भी रोकने की कोशिश करेंगे। बताया जाता है कि जिन दस सीनेटरों की राष्ट्रपति के साथ मुलाकात में सहमति बनी थी, उनमें पांच ऐसे हैं, जो मैकॉनेल के साथ जा सकते हैँ। ऐसे में फिलबस्टर नियम लागू होने पर डेमोक्रेटिक पार्टी सीनेट 60 वोट नहीं जुटा पाएगी और आम सहमति वाले पैकेज के लिए लाया गया बिल भी गिर जाएगा।

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