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Israel: राफा शहर को इस्राइल ने पूरी तरह से घेरा; जानें गाजा पट्टी से कैसे किया अलग, क्या है मोराग कॉरिडोर?
Sat, 12 Apr 2025 07:17 PM IST
पवन पांडेय
वर्ल्ड डेस्क, अमर उजाला, तेल अवीव
वर्ल्ड डेस्क, अमर उजाला, तेल अवीव
Published by: पवन पांडेय
Updated Sat, 12 Apr 2025 07:17 PM IST
सार
इस्राइल में हमास पर शिकंजा कसने के लिए दक्षिणी गाजा के शहर राफा को गाजा पट्टी से अलग कर दिया है। बता दें कि, इस्राइल ने मोराग कॉरिडोर के जरिए राफा शहर को पूरी तरह घेर लिया है। गाजा में सीजफायर टूटने के बाद से अब तक 1,500 लोग मारे जा चुके हैं। इस्राइल का दावा है कि उसने करीब 20,000 हमास लड़ाके मार गिराए हैं।
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सांकेतिक तस्वीर
- फोटो : एएनआई
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विस्तार
इस्राइल ने शनिवार को ऐलान किया कि उसने गाजा पट्टी के सबसे दक्षिणी शहर राफा को बाकी गाजा से अलग करने वाला एक नया मोराग कॉरिडोर पूरा कर लिया है। इसका मतलब है कि अब राफा पूरी तरह इस्राइली सेना से घिर गया है। इसके साथ ही गाजा में फंसे फलस्तीनियों के लिए सुरक्षित इलाकों की संख्या और भी कम हो गई है।
यह भी पढ़ें - US-Iran Nuke Deal: परमाणु कार्यक्रम को लेकर अमेरिका-ईरान के बीच बातचीत शुरू, ओमान कर रहा वार्ता की मेजबानी
क्या है मोराग कॉरिडोर?
मोराग एक पुराना यहूदी बस्ती था, जो राफा और खान यूनिस के बीच स्थित था। अब इसी जगह इस्राइली सेना ने एक सुरक्षा कॉरिडोर (गलियारा) बना दिया है, जिससे राफा बाकी गाजा से कट गया है। इस्राइली सेना के अनुसार, उन्होंने 36वीं डिवीजन को वहां तैनात कर दिया है और पूरा इलाका अब उनके नियंत्रण में है।
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बड़ी जमीनी कार्रवाई की तैयारी में इस्राइल
इस्राइल ने पहले ही राफा के ज्यादातर हिस्सों से लोगों को खाली करवाने के आदेश दिए थे। इससे साफ है कि इस्राइल अब किसी बड़ी जमीनी कार्रवाई की तैयारी कर रहा है।
गाजा में मानवीय संकट
पिछले एक महीने से गाजा में खाने, ईंधन और मदद की आपूर्ति बंद है। करीब 20 लाख लोगों को भुखमरी और बीमारियों का सामना करना पड़ रहा है। मानवाधिकार संगठनों ने इस स्थिति को युद्ध अपराध बताया है। वहीं इस्राइल का कहना है कि वह अब भी 59 बंधकों को छुड़ाने के लिए दबाव बना रहा है, जिनमें से 24 के जिंदा होने की उम्मीद है। प्रधानमंत्री नेतन्याहू का कहना है कि वह गाजा के और हिस्सों को अपने नियंत्रण में लेकर हमास पर दबाव डालेंगे। नेतन्याहू ने कहा है कि मोराग कॉरिडोर एक 'दूसरा फिलाडेल्फी कॉरिडोर' है, जो मिस्र की सीमा के पास स्थित है और मई से इस्राइल के नियंत्रण में है। इसी तरह का एक और कॉरिडोर नेतजारिम के पास है, जो उत्तरी गाजा को अलग करता है। इन कॉरिडोर और सुरक्षा क्षेत्रों के चलते इस्राइल अब गाजा पट्टी का 50% से ज्यादा हिस्सा नियंत्रित कर रहा है।
हमास को हटाओ या भुगतो- इस्राइली रक्षा मंत्री
इस्राइल के रक्षा मंत्री इस्राइल काट्ज ने कहा है कि गाजा के लोग अगर चाहते हैं कि शांति हो, तो उन्हें हमास को हटाना होगा और बंधकों को रिहा कराना होगा। उन्होंने दावा किया कि हमास नेता सुरंगों में या विदेशों में महलों में रहते हैं, जबकि आम लोग भूख और बमबारी से जूझ रहे हैं। काट्ज ने यह भी कहा कि जो फलस्तीनी स्वेच्छा से किसी दूसरे देश जाना चाहते हैं, उन्हें ऐसा करने की अनुमति दी जाएगी। यह प्रस्ताव अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप और नेतन्याहू के एक पुराने सुझाव से जुड़ा है, जिसे स्वैच्छिक अप्रवासन कहा गया है। हालांकि फलस्तीनियों ने इसे साफ तौर पर खारिज कर दिया है और कहा है कि वे अपनी जमीन छोड़कर कहीं नहीं जाएंगे।
यह भी पढ़ें - India Italy Ties: इटली के उप प्रधानमंत्री ने एस जयशंकर से की मुलाकात, IMEC को आगे बढ़ाने पर हुई बात
गाजा में फिर बमबारी, 24 घंटे में 21 मौतें
इस्राइली हमले शनिवार को भी जारी रहे। गाजा स्वास्थ्य मंत्रालय के अनुसार, पिछले 24 घंटों में कम से कम 21 लोगों की मौत हुई है। मंत्रालय आम नागरिक और लड़ाकों के बीच फर्क नहीं करता। इस्राइल ने खान यूनिस के पूर्वी हिस्सों को खाली करने का आदेश दिया है। सेना का दावा है कि वहीं से रॉकेट हमले हुए हैं।
हमास-इस्राइल युद्ध अब तक
यह युद्ध 7 अक्तूबर 2023 को शुरू हुआ था, जब हमास ने इस्राइल पर हमला कर 1,200 लोगों को मार दिया था। इसके जवाब में इस्राइल ने गाजा में बड़े पैमाने पर सैन्य अभियान चलाया, जिसमें अब तक 50,000 से अधिक फलस्तीनी मारे जा चुके हैं। इनमें अधिकतर महिलाएं और बच्चे हैं। गाजा स्वास्थ्य मंत्रालय का कहना है कि सीजफायर टूटने के बाद से अब तक 1,500 लोग मारे जा चुके हैं। इस्राइल का दावा है कि उसने करीब 20,000 हमास लड़ाके मार गिराए हैं, लेकिन उसने इसके कोई सबूत नहीं दिए हैं।
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क्या है मोराग कॉरिडोर?
मोराग एक पुराना यहूदी बस्ती था, जो राफा और खान यूनिस के बीच स्थित था। अब इसी जगह इस्राइली सेना ने एक सुरक्षा कॉरिडोर (गलियारा) बना दिया है, जिससे राफा बाकी गाजा से कट गया है। इस्राइली सेना के अनुसार, उन्होंने 36वीं डिवीजन को वहां तैनात कर दिया है और पूरा इलाका अब उनके नियंत्रण में है।
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बड़ी जमीनी कार्रवाई की तैयारी में इस्राइल
इस्राइल ने पहले ही राफा के ज्यादातर हिस्सों से लोगों को खाली करवाने के आदेश दिए थे। इससे साफ है कि इस्राइल अब किसी बड़ी जमीनी कार्रवाई की तैयारी कर रहा है।
गाजा में मानवीय संकट
पिछले एक महीने से गाजा में खाने, ईंधन और मदद की आपूर्ति बंद है। करीब 20 लाख लोगों को भुखमरी और बीमारियों का सामना करना पड़ रहा है। मानवाधिकार संगठनों ने इस स्थिति को युद्ध अपराध बताया है। वहीं इस्राइल का कहना है कि वह अब भी 59 बंधकों को छुड़ाने के लिए दबाव बना रहा है, जिनमें से 24 के जिंदा होने की उम्मीद है। प्रधानमंत्री नेतन्याहू का कहना है कि वह गाजा के और हिस्सों को अपने नियंत्रण में लेकर हमास पर दबाव डालेंगे। नेतन्याहू ने कहा है कि मोराग कॉरिडोर एक 'दूसरा फिलाडेल्फी कॉरिडोर' है, जो मिस्र की सीमा के पास स्थित है और मई से इस्राइल के नियंत्रण में है। इसी तरह का एक और कॉरिडोर नेतजारिम के पास है, जो उत्तरी गाजा को अलग करता है। इन कॉरिडोर और सुरक्षा क्षेत्रों के चलते इस्राइल अब गाजा पट्टी का 50% से ज्यादा हिस्सा नियंत्रित कर रहा है।
हमास को हटाओ या भुगतो- इस्राइली रक्षा मंत्री
इस्राइल के रक्षा मंत्री इस्राइल काट्ज ने कहा है कि गाजा के लोग अगर चाहते हैं कि शांति हो, तो उन्हें हमास को हटाना होगा और बंधकों को रिहा कराना होगा। उन्होंने दावा किया कि हमास नेता सुरंगों में या विदेशों में महलों में रहते हैं, जबकि आम लोग भूख और बमबारी से जूझ रहे हैं। काट्ज ने यह भी कहा कि जो फलस्तीनी स्वेच्छा से किसी दूसरे देश जाना चाहते हैं, उन्हें ऐसा करने की अनुमति दी जाएगी। यह प्रस्ताव अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप और नेतन्याहू के एक पुराने सुझाव से जुड़ा है, जिसे स्वैच्छिक अप्रवासन कहा गया है। हालांकि फलस्तीनियों ने इसे साफ तौर पर खारिज कर दिया है और कहा है कि वे अपनी जमीन छोड़कर कहीं नहीं जाएंगे।
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गाजा में फिर बमबारी, 24 घंटे में 21 मौतें
इस्राइली हमले शनिवार को भी जारी रहे। गाजा स्वास्थ्य मंत्रालय के अनुसार, पिछले 24 घंटों में कम से कम 21 लोगों की मौत हुई है। मंत्रालय आम नागरिक और लड़ाकों के बीच फर्क नहीं करता। इस्राइल ने खान यूनिस के पूर्वी हिस्सों को खाली करने का आदेश दिया है। सेना का दावा है कि वहीं से रॉकेट हमले हुए हैं।
हमास-इस्राइल युद्ध अब तक
यह युद्ध 7 अक्तूबर 2023 को शुरू हुआ था, जब हमास ने इस्राइल पर हमला कर 1,200 लोगों को मार दिया था। इसके जवाब में इस्राइल ने गाजा में बड़े पैमाने पर सैन्य अभियान चलाया, जिसमें अब तक 50,000 से अधिक फलस्तीनी मारे जा चुके हैं। इनमें अधिकतर महिलाएं और बच्चे हैं। गाजा स्वास्थ्य मंत्रालय का कहना है कि सीजफायर टूटने के बाद से अब तक 1,500 लोग मारे जा चुके हैं। इस्राइल का दावा है कि उसने करीब 20,000 हमास लड़ाके मार गिराए हैं, लेकिन उसने इसके कोई सबूत नहीं दिए हैं।