फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   World ›   Indian diplomat JP Singh hold talks with Afghan FM Amir Khan Muttaqi on security, trade and narcotics

India-Afghanistan: भारतीय राजनयिक सिंह और अफगान विदेश मंत्री मुत्तकी के बीच वार्ता, इन मुद्दों पर हुई चर्चा

Fri, 08 Mar 2024 04:01 AM IST
गुलाम अहमद वर्ल्ड डेस्क, अमर उजाला, काबुल
वर्ल्ड डेस्क, अमर उजाला, काबुल Published by: गुलाम अहमद Updated Fri, 08 Mar 2024 04:01 AM IST
सार

अफगानिस्तान के कार्यवाहक विदेश मंत्री मुत्तकी ने मानवीय सहायता के लिए भारत का आभार जताया। मुत्तकी ने कहा कि अफगान सरकार भारत के साथ राजनीतिक और आर्थिक संबंधों को मजबूत करना चाहती है।  

विज्ञापन
Indian diplomat JP Singh hold talks with Afghan FM Amir Khan Muttaqi on security, trade and narcotics
India Afghanistan Relations - फोटो : ANI

विस्तार

भारत के वरिष्ठ राजनयिक जेपी सिंह ने अफगानिस्तान की अंतरिम सरकार में विदेश मंत्री अमीर खान मुत्तकी के साथ बातचीत की। इस दौरान सुरक्षा, व्यापार और मादक पदार्थों की तस्करी रोकने के तरीकों से संबंधित मुद्दों पर चर्चा हुई। अफगानिस्तान की ओर से गुरुवार को जारी एक बयान में यह जानकारी दी गई। 

विज्ञापन


जेपी सिंह विदेश मंत्रालय में पाकिस्तान, अफगानिस्तान और ईरान क्षेत्र के राजनयिक हैं। चर्चा के दौरान सिंह ने अफगानिस्तान के साथ आर्थिक सहयोग बढ़ाने और चाबहार बंदरगाह से व्यापार बढ़ाने में भारत की रुचि से अवगत कराया। हालांकि बयान में इस बात का जिक्र नहीं है कि यह वार्ता कहां हुई। माना जा रहा है कि अफगानिस्तान मामलों के प्रभारी राजनयिक सिंह ने काबुल में मुत्तकी के साथ वार्ता की।
विज्ञापन


बयान में कहा गया है कि तालिबान के विदेश मंत्री मुत्तकी ने मानवीय सहायता के लिए भारत का आभार जताया। मुत्तकी ने कहा कि अफगान सरकार भारत के साथ राजनीतिक और आर्थिक संबंधों को मजबूत करना चाहती है। मुत्तकी ने अफगान व्यापारियों, मरीजों और छात्रों के लिए भारत की तरफ से वीजा जारी करने की सुविधा प्रदान करने का अनुरोध किया।
विज्ञापन
विज्ञापन


काबुल में समावेशी सरकार के पक्ष में भारत
बता दें, भारत ने अभी तक अफगानिस्तान में तालिबान सरकार को मान्यता नहीं दी है। भारत काबुल में समावेशी सरकार के गठन की वकालत कर रहा है और इस बात का आश्वासन चाहता है कि अफगान धरती का इस्तेमाल आतंकवादी गतिविधियों के लिए न हो। हालांकि, भारत शुरू से ही मानवीय संकट से जूझ रहे अफगानिस्तान को निर्बाध सहायता जारी रखने के पक्ष में है।


भारत ने जून 2022 में काबुल में अपने दूतावास में तकनीकी टीम तैनात करके अफगानिस्तान में फिर से अपनी राजनयिक उपस्थिति स्थापित की है। अगस्त 2021 में तालिबान के अफगानिस्तान की सत्ता पर कब्जा करने के बाद सुरक्षा पर चिंताओं के कारण भारत ने दूतावास से अपने अधिकारियों को वापस बुला लिया था।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get latest World News headlines in Hindi related political news, sports news, Business news all breaking news and live updates. Stay updated with us for all latest Hindi news.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed