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रैपिड कोविड-19 जांच प्रणाली विकसित करने में भारत का सहयोग अद्भुत: इजराइल
Wed, 05 Aug 2020 08:09 PM IST
Rajeev Rai
पीटीआई, यरूशलम
पीटीआई, यरूशलम
Published by: Rajeev Rai
Updated Wed, 05 Aug 2020 08:09 PM IST
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भारत-इजराइल
- फोटो : social media
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कोविड-19 की रैपिड जांच प्रणाली विकसित करने के लिए भारत के सहयोग को इजराइल ने अद्भुत बताया है। इजराइल ने बुधवार को उम्मीद जताई कि दोनों देशों के संयुक्त प्रयास कुछ महीनों में दुनिया को खुशखबरी दे सकते हैं। इजराइल और भारत के वैज्ञानिक रैपिड कोरोना जांच प्रणाली विकसित करने के लिए एक महत्त्वाकांक्षी परियोजना पर काम कर रहे हैं। इस रैपिड जांच से कुछ सेकेंड में नतीजा मिल जाएगा।
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इजराइल के रक्षा मंत्रालय की प्रेस विज्ञप्ति में बताया गया है कि रक्षा मंत्रालय में रक्षा अनुसंधान विकास निदेशालय और विदेश मंत्रालय ने जांच करने के लिए नमूने इकट्ठा करने और इजराइल की चार नैदानिक प्रौद्योगिकियों की पुष्टि के वास्ते अपना मिशन पूरा कर लिया है।
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बयान में भारत में इजराइल के दूतावास में रक्षा संबंधित मामलों से जुड़े अधिकारी कर्नल असाफ मलर के हवाले से कहा गया है कि लक्ष्य दुनिया को ऐसी प्रौद्योगिकीय क्षमता देने का है जिसमें रैपिड कोरोना जांच कर कुछ सेकंड के भीतर नतीजा मिल जाए। इससे हवाई अड्डों, दफ्तरों, स्कूलों, रेलवे स्टेशनों आदि को खोला जा सकेगा।
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मलर ने जोर देकर कहा, 'इस परियोजना के लिए भारत का सहयोग अद्भुत है। प्रधानमंत्री मोदी के वैज्ञानिक सलाहकार समेत सभी अनुसंधान एवं विकास संस्थान पूरी क्षमता के साथ परियोजना में शामिल हुए। हम उम्मीद कर रहे हैं कि कुछ महीनों में हम दुनिया को खुशखबरी दे सकेंगे।'
इजराइल की टीम 26 जुलाई को भारत के लिए रवाना हुई थी और वह कुछ दिनों में वापस आ जाएगी और उसके पास कोविड-19 के मरीजों के 20,000 से ज्यादा नमूने होंगे। महामारी का प्रकोप शुरू होने के बाद से ही डीडीआर एंड डी ने दर्जनों नैदानिक प्रौद्योगिकियों का परीक्षण किया है।
रक्षा मंत्रालय के सूत्रों ने बताया कि कुछ प्रौद्योगिकियां इजराइल में शुरुआती परीक्षण में सफल रही, लेकिन पूर्ण परीक्षण और प्रभावशीलता को साबित करने के लिए उनका परीक्षण बड़े पैमाने पर मरीजों पर करना है।