{"_id":"639e495aab69fb00772c96a6","slug":"imran-khan-again-targeted-general-bajwa","type":"story","status":"publish","title_hn":"Pakistan: इमरान ने फिर साधा जनरल बाजवा पर निशाना, कहा- उनकी सरकार को एक साजिश के तहत गिराया","category":{"title":"World","title_hn":"दुनिया","slug":"world"}}
Pakistan: इमरान ने फिर साधा जनरल बाजवा पर निशाना, कहा- उनकी सरकार को एक साजिश के तहत गिराया
Sun, 18 Dec 2022 04:27 AM IST
Jeet Kumar
एएनआई, इस्लामाबाद
एएनआई, इस्लामाबाद
Published by: Jeet Kumar
Updated Sun, 18 Dec 2022 04:27 AM IST
सार
पूर्व सेना प्रमुख की आलोचना करते हुए पीटीआई प्रमुख इमरान खान ने दोहराया कि उनकी सरकार को एक साजिश के तहत गिराया गया और देश पर चोरों को थोपा गया।
विज्ञापन
पाकिस्तान के पूर्व प्रधानमंत्री इमरान खान।
- फोटो : ANI
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
पाकिस्तान तहरीक-ए-इंसाफ (पीटीआई) के अध्यक्ष इमरान खान ने एक बार फिर जनरल बाजवा पर निशाना है। उन्होंने कहा है कि भ्रष्टों के गिरोह को राष्ट्रीय सुलह अध्यादेश (एनआरओ) II के तहत क्लीन चिट मिली है। क्लीन चिट पूर्व सेना प्रमुख जनरल कमर जावेद बाजवा द्वारा दी गई थी।
विज्ञापन
स्थानीय खबरों के मुताबिक, पाकिस्तान तहरीक-ए-इंसाफ (पीटीआई) के अध्यक्ष ने दावा किया कि प्रधानमंत्री शहबाज शरीफ के बेटे सुलेमान शहबाज की घर वापसी 'राष्ट्रीय सुलह अध्यादेश (एनआरओ) दो' का हिस्सा थी। लंदन में चार साल से अधिक का निर्वासन समाप्त करने के बाद सुलेमान पाकिस्तान लौटने के लिए तैयार हैं। इसको उन्होंने कहा कि जनरल (सेवानिवृत्त) बाजवा ने भ्रष्टों के गिरोह को एनआरओ-द्वितीय प्रदान करके क्रूरता की है।
विज्ञापन
साथ ही पूर्व सेना प्रमुख की आलोचना करते हुए पीटीआई प्रमुख इमरान खान ने दोहराया कि उनकी सरकार को एक साजिश के तहत गिराया गया और देश पर चोरों को थोपा गया। इमरान खान ने कहा कि सलमान शहबाज, जो मकसूद चपरासी मामले में फरार था, वह भी वापस आ गया है और हमें व्याख्यान दे रहा है, जबकि नवाज शरीफ लौटने की योजना बना रहे हैं।
विज्ञापन
पूर्व प्रधानमंत्री ने कहा कि पाकिस्तान पीपुल्स पार्टी (पीपीपी) के सह-अध्यक्ष आसिफ अली जरदारी और उनकी बहन फरयाल तालपुर के खिलाफ मामले खारिज कर दिए गए हैं। उन्होंने कहा कि मानव समाज में न्याय शासन करता है, जबकि जानवरों के समाज में सत्ता का शासन होता है। एक दिन पहले अपने संबोधन में पूर्व प्रधानमंत्री ने अपनी लाचारी पर दुख जताते हुए कहा था कि जब मैं सत्ता में था तो पूर्व सेना प्रमुख जनरल बाजवा ने उनसे जवाबदेही पर नहीं बल्कि अर्थव्यवस्था पर ध्यान देने को कहा।