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China: फिलहाल जीरो कोविड पॉलिसी में नहीं मिलेगी कोई ढील, चीनी पोलित ब्यूरो की स्थायी समिति ने किया समर्थन

Thu, 10 Nov 2022 10:04 PM IST
शिव शरण शुक्ला वर्ल्ड डेस्क, अमर उजाला, बीजिंग
वर्ल्ड डेस्क, अमर उजाला, बीजिंग Published by: शिव शरण शुक्ला Updated Thu, 10 Nov 2022 10:04 PM IST
सार

चीन की शीर्ष नेतृत्व वाली संस्था पोलित ब्यूरो की स्थायी समिति ने जीरो कोविड पॉलिसी का समर्थन किया है। हालांकि शी जिनपिंग की अध्यक्षता में हुई इस बैठक में देश की अर्थव्यवस्था पर COVID-19 के प्रभाव को कम करने की आवश्यकता पर भी जोर दिया गया है।   
 

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China will not make any changes in the Zero Covid policy Standing Committee of the Chinese Politburo supported
चीन में दंगा रोधी पुलिस के जवानों के सामने से गुजरती कोरोना से बचाव के लिए मास्क पहने हुई महिला। - फोटो : PTI

विस्तार

चीन की जीरो कोविड नीति नाकाम होती दिख रही है। बड़ी संख्या में कोरोना संक्रमण के नए मामले हर रोज सामने आ रहै हैं। देश के कई शहरों में कोरोना के कारण लॉकडाउन लगाया गया है। इसका बड़ा असर अन्य शहरों पर भी पड़ रहा है। इतना ही नहीं, कोरोना पर लगाम लगाने के लिए शी जिनपिंग सरकार द्वारा लगाए गए कठोर प्रतिबंधों के कारण वहां की जनता में अराजकता फैल रही है। इन सबके बीच, चीन अपनी जीरो कोविड पॉलिसी में कोई भी ढ़ील देता नहीं दिख रहा है। हाल ही में हुई कम्युनिस्ट पार्टी की कांग्रेस के बाद इस महीने की पहली बैठक में इसे लेकर स्थिति साफ की गई है।

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रिपोर्ट्स के मुताबिक, गुरुवार को हुई बैठक में चीन की शीर्ष नेतृत्व वाली संस्था पोलित ब्यूरो की स्थायी समिति ने जीरो कोविड पॉलिसी का समर्थन किया है। हालांकि शी जिनपिंग की अध्यक्षता में हुई इस बैठक में देश की अर्थव्यवस्था पर COVID-19 के प्रभाव को कम करने की आवश्यकता पर जोर दिया गया है।   
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चीनी मीडिया के मुताबिक, पोलित ब्यूरो की स्थायी समिति ने बैठक में कहा कि देश में कोरोना के मामलों पर लगाम लगाने के लिए और भी ज्यादा दृढता दिखाने की जरूरत है। जल्दी से जल्दी इस दिशा में निर्णायक कदम उठाने की जरूरत है। समिति ने यह भी कहा कि हमें ऐसे उपाय अपनाने होंगे जिससे समान्य उत्पादन और रहने की व्यवस्था बहाल हो सके। हालांकि इस दौरान पोलित ब्यूरो की स्थायी समिति ने यह साफ कर दिया कि फिलहाल अभी कोरोना के प्रभाव और प्रसार पर लगाम लगाने के लिए जीरो कोविड नीति में ढील देने की आवश्यकता नहीं है।  
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गौरतलब है कि चीन के बड़े शहरों में भी जिनपिंग की इस जीरो कोविड पॉलिसी का विरोध हो रहा है। बड़े स्तर पर लोग इसके खिलाफ प्रदर्शन कर रहे हैं तो ऑनलाइन कैंपेन भी चलाए जा रहे हैं। लोग जीरो-कोविड पॉलिसी पर राजनीतिक जिम्मेदारी तय करने की मांग कर रहे हैं। 


राजनीतिक लाभ के लिए नीति को पेश कर रहे जिनपिंग 
उधर, शी जिनपिंग अपनी इस नीति को राजनीतिक लाभ के उद्देश्य से पेश कर रहे हैं। जीरो कोविड नीति को इस तरह से पेश किया जा रहा है कि जब अधिकांश पश्चिमी देशों को कोरोना के भारी प्रकोप का सामना करना पड़ा था तो  जीरो कोविड पॉलिसी के तहत चीन को बहुत हद तक सुरक्षित रखा गया था। यहां न तो ज्यादा लोग संक्रमित हुए और मौतें भी कम हुईं। चीन की जीरो कोविड पॉलिसी को लेकर पिछले साल सत्तारूढ़ कम्युनिस्ट पार्टी की शताब्दी के दौरान जश्न भी मनाया गया था।
  

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