फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   World ›   britain MPs pass motion for genocide in China

ब्रिटेन : सांसदों ने पारित किया चीन में नरसंहार संबंधी प्रस्ताव

Sat, 24 Apr 2021 12:54 AM IST
Jeet Kumar न्यूयॉर्क टाइम्स न्यूज सर्विस, लंदन।
न्यूयॉर्क टाइम्स न्यूज सर्विस, लंदन। Published by: Jeet Kumar Updated Sat, 24 Apr 2021 12:54 AM IST
सार

  • संसद ने कहा, सरकार अंतरराष्ट्रीय कानून का इस्तेमाल कर चीन विरोधी कार्रवाई करे
  • जॉनसन सरकार ने नरसंहार की घोषणा से किया इनकार, कहा- यह अदालती मामला

विज्ञापन
britain MPs pass motion for genocide in China
ब्रिटेन का संसद भवन - फोटो : सोशल मीडिया

विस्तार

ब्रिटिश सांसदों ने एक संसदीय प्रस्ताव पारित कर सरकार से अपील की है कि वह चीन की उन नीतियों के खिलाफ कार्रवाई करे जिनके तहत पश्चिमी शिनजियांग में उइगर मुस्लिम आबादी का शोषण हो रहा है।

विज्ञापन


सांसदों के इस प्रस्ताव से ब्रिटेन के मंत्रियों पर भी चीन के विरुद्ध आगे बढ़ने का दबाव बढ़ गया है। प्रस्ताव में चीनी नीतियों को नरसंहार के समान और मानवता के खिलाफ अपराध बताया गया है।
विज्ञापन


ब्रिटेन में चीन के खिलाफ पारित इस प्रस्ताव में सरकार से आह्वान किया गया है कि वह अंतरराष्ट्रीय कानून का इस्तेमाल कर चीन विरोधी कार्रवाई करे। हालांकि प्रधानमंत्री बोरिस जॉनसन सरकार ने शिनजियांग में उइगर अल्पसंख्यक समुदाय के खिलाफ औद्योगिक स्तर पर मानवाधिकारों के हनन को लेकर नरसंहार की घोषणा से इनकार किया है।
विज्ञापन
विज्ञापन


मंत्रियों ने कहा है कि नरसंहार घोषित करने पर कोई भी फैसला अदालतों पर निर्भर करता है। लेकिन कंजर्वेटिव सांसद नुसरत गनी द्वारा पेश इस प्रस्ताव में ब्रिटेन के बहुसंख्यक सांसद चाहते हैं कि सरकार के मंत्री आगे बढ़ें। इससे सरकार दबाव में है।

सरकार के लिए बाध्यकारी नहीं होने के बावजूद इन प्रस्तावों से संकेत मिले हैं कि ब्रिटेन में चीन के कथित मानवाधिकार उल्लंघन को लेकर रोष है। बता दें कि नुसरत गनी उन पांच सांसदों में शामिल हैं जिन्हें चीन ने हाल ही में प्रतिबंधित किया है।

सक्षम अदालतों से जुड़ा है मामला
हालांकि ब्रिटेन सरकार चीन के कुछ अधिकारियों पर प्रतिबंध लगाने के अलावा क्षेत्र में चीनी आपूर्ति श्रंखला को लेकर भी सख्त कदम उठा चुकी है। लेकिन सांसद चाहते हैं कि सरकार और आगे जाकर काम करे।

इस पर ब्रिटेन में एशिया मामलों के मंत्री निगेल एडम्स ने सरकार की स्थिति के बारे में संसद को बताया कि शिनजियांग में मानवाधिकारों के हनन से जुड़ा कोई भी फैसला सक्षम अदालतों को लेना होगा।

चीनी दूतावास ने की प्रस्ताव की निंदा
ब्रिटेन में चीनी दूतावास ने संसद के इस कदम की निंदा की है। उसने कहा है कि ब्रिटेन को चीन के हितों का सम्मान करने के लिए ठोस सदन उठाने चाहिए न कि इस तरह के कदम उठाना चाहिए। ब्रिटेन में चीनी दूतावास ने कहा, मुट्ठी भर ब्रिटिश सांसदों ने शिनजियांग में जिस नरसंहार का मुद्दा उठाया है वह सदी का सबसे बड़ा झूठ है और चीनी लोगों का अपमान है।  

ऑस्ट्रेलिया को चीनी धमकी, फैसला वापस लें अन्यथा मुंहतोड़ जवाब देंगे
ऑस्ट्रेलिया में चीन की बीआरआई परियोजना से जुड़े दो समझौते रद्द होने के बाद चीन ने एक बार फिर धमकाया है कि ऑस्ट्रेलिया अब शीतयुद्ध की पक्षपात वाली मानसिकता से उबर जाए और इस फैसले को वापस ले, अन्यथा उसे करारा जवाब दिया जाएगा।


चीनी विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता वांग वेनबिन ने कहा, विक्टोरिया प्रांत में चीन के साथ हुए समझौते को वापस लेकर ऑस्ट्रेलिया सरकार दोनों देशों के पहले से गंभीर हो चुके रिश्तों को और गंभीर होने से बचाए। उन्होंने कहा, कुल 4 समझौते रद्द हुए हैं जिनमें से दो चीन संबंधी हैं ऐसे में यदि उसने फैसला वापस नहीं लिया तो हम सख्त कार्रवाई करेंगे।
 

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get latest World News headlines in Hindi related political news, sports news, Business news all breaking news and live updates. Stay updated with us for all latest Hindi news.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed