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ब्रिटेन : कच्चे तेल के दाम 73 डॉलर प्रति बैरल पहुंचे, अमेरिका-चीन के बीच तनाव कम करने को लेकर हुई बातचीत का असर
Sat, 11 Sep 2021 03:19 AM IST
Kuldeep Singh
एजेंसी, लंदन
एजेंसी, लंदन
Published by: Kuldeep Singh
Updated Sat, 11 Sep 2021 03:19 AM IST
सार
तेल की बढ़ती कीमत के पीछे अमेरिका में इडा तूफान की वजह से आपूर्ति की कमी व अमेरिका-चीन के बीच बातचीत का असर है। तेल की कीमतों पर इडा तूफान का असर अभी आने वाले कई सप्ताह तक रह सकता है।
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crude oil
- फोटो : social media
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विस्तार
कच्चे तेल की कीमत शुक्रवार को बढ़कर 73 डॉलर प्रति बैरल पहुंच गई। तेल की बढ़ती कीमत के पीछे अमेरिका में इडा तूफान की वजह से आपूर्ति में कमी के साथ ही अमेरिका-चीन के बीच तनाव कम करने को लेकर हुई बातचीत का भी असर है।
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अमेरिका ने लंबे समय से करीब 1.4 मिलियन बैरल प्रतिदिन का उत्पादन कम कर रखा है। ऑयल ब्रोकर स्टीफन ब्रेनॉक का कहना है कि तेल की कीमतों पर इडा तूफान का असर अभी आने वाले कई सप्ताह तक रह सकता है। शुक्रवार को वेस्ट टेक्सस में ब्रेंट क्रूड की कीमत में 1.7 फीसदी का उछाल आया।
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इसके अलावा इक्विटी व ऑयल मार्केट में अमेरिकी राष्ट्रपति जो बाइडन व चीनी राष्ट्रपति शी जिनपिंग के बीच हुई बातचीत का भी सकारात्मक असर हुआ। दोनों नेताओं की बातचीत के बाद बाजार को दोनों देशों के रिश्ते सुधरने और वैश्विक व्यापार में सुधार आने की उम्मीद है। ओएएनडीए के एनालिस्ट जेफ्री हेली कहते हैं- बाइडन-जिनपिंग की बातचीत का तेल की तरह ही संपत्ति के क्षेत्र में सकारात्मक प्रभाव दिखा है।
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इस वर्ष तेल के दामों में बड़ी तेजी
ओपेक की तरफ से आपूर्ति में कमी के बाद कच्चे तेल कीमत में इस वर्ष करीब 40 फीसदी की तेजी आई है। इससे पहले गुरुवार को जब चीन ने कहा था कि वह अपना एक फीसदी रिजर्व स्टॉक निकालने की तैयारी में है तो तेल की कीमतें एक फीसद तक घट गई थीं। बहरहाल, अगले सप्ताह ओपेक देशों की तरफ से अगले वर्ष के लिए तेल की कीमतों की समीक्षा की जानी है।