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नेपाल में लोकतंत्र की परीक्षा: आम चुनाव के लिए मतदान आज, मतदाताओं से चुनाव आयोग बोला- निर्भीक होकर डाले वोट

Thu, 05 Mar 2026 03:44 AM IST
Himanshu Singh Chandel वर्ल्ड डेस्क, अमर उजाला, काठमांडू
वर्ल्ड डेस्क, अमर उजाला, काठमांडू Published by: Himanshu Singh Chandel Updated Thu, 05 Mar 2026 03:44 AM IST
सार

नेपाल में जेन-जी विद्रोह के बाद पहली बार गुरुवार को संसदीय चुनाव होने जा रहे हैं। 275 सीटों के लिए मतदान सुबह 7 बजे से शाम 5 बजे तक होगा। 165 सीटें सीधे चुनाव और 110 सीटें समानुपातिक प्रणाली से भरी जाएंगी। चुनाव को शांतिपूर्ण, निष्पक्ष और नेपाल की राजनीतिक स्थिरता के लिए अहम माना जा रहा है।

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After Gen-G rebellion parliamentary elections in Nepal Election Commission appeals voters to vote fearlessly
नेपाल चुनाव 2026 - फोटो : अमर उजाला प्रिंट

विस्तार

नेपाल में जेन-जी विद्रोह के बाद पहली बार संसदीय चुनाव होने जा रहे हैं। गुरुवार को पूरे देश में मतदान कराया जाएगा। कार्यवाहक मुख्य निर्वाचन आयुक्त राम प्रसाद भंडारी ने मतदाताओं से बिना किसी डर के मतदान करने की अपील की है। उनका कहना है कि लोकतंत्र को मजबूत बनाने के लिए लोगों का मतदान में हिस्सा लेना जरूरी है। इस चुनाव को नेपाल की राजनीतिक स्थिरता और लोकतांत्रिक व्यवस्था के लिए अहम माना जा रहा है।

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नेपाल की संघीय संसद के निचले सदन हाउस ऑफ रिप्रेजेंटेटिव्स की 275 सीटों के लिए मतदान होगा। इनमें से 165 सीटों पर फर्स्ट-पास्ट-द-पोस्ट प्रणाली के तहत सीधे चुनाव होगा, जबकि 110 सीटें समानुपातिक प्रतिनिधित्व प्रणाली के जरिए भरी जाएंगी। निर्वाचन आयोग के अनुसार मतदान सुबह सात बजे से शाम पांच बजे तक कराया जाएगा। आयोग का कहना है कि चुनाव शांतिपूर्ण और निष्पक्ष तरीके से कराने के लिए सभी जरूरी तैयारियां पूरी कर ली गई हैं।
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जेन-जी विद्रोह के बाद पहली बड़ी लोकतांत्रिक परीक्षा
नेपाल में यह चुनाव पिछले साल हुए जेन-जी विद्रोह के बाद हो रहा है। सितंबर में हुए इस आंदोलन के दौरान व्यापक हिंसा देखने को मिली थी। सरकारी आंकड़ों के अनुसार इस दौरान 77 लोगों की मौत हुई थी और लगभग 84 अरब नेपाली रुपए की निजी और सार्वजनिक संपत्ति को नुकसान पहुंचा था। इस घटना के बाद देश की राजनीतिक दिशा को लेकर अनिश्चितता पैदा हो गई थी।
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अंतरिम सरकार ने कराया चुनाव का रास्ता साफ
जेन-जी आंदोलन के बाद प्रधानमंत्री सुशीला कार्की के नेतृत्व में अंतरिम सरकार बनाई गई थी। इस सरकार ने राजनीतिक स्थिरता बहाल करने और लोकतांत्रिक प्रक्रिया को आगे बढ़ाने के लिए चुनाव कराने का फैसला लिया। अब गुरुवार को होने वाला मतदान इस बात का संकेत माना जा रहा है कि नेपाल फिर से लोकतांत्रिक रास्ते पर आगे बढ़ रहा है।


चुनाव के लिए व्यापक तैयारियां पूरी
निर्वाचन आयोग ने बताया कि मतपत्र, मतपेटियां और अन्य चुनाव सामग्री देशभर के सभी मतदान केंद्रों तक पहुंचा दी गई है। मतदान केंद्रों के निर्माण, कर्मचारियों की तैनाती और सुरक्षा व्यवस्था को भी अंतिम रूप दे दिया गया है। आयोग ने यह भी कहा कि दिव्यांगजनों और महिलाओं के लिए विशेष सुविधाएं सुनिश्चित की गई हैं ताकि हर मतदाता आसानी से मतदान कर सके।

1.89 करोड़ से ज्यादा मतदाता करेंगे मतदान
निर्वाचन आयोग के अनुसार इस चुनाव में 1 करोड़ 89 लाख से अधिक पंजीकृत मतदाता मतदान करने के पात्र हैं। इनमें लगभग 96 लाख 60 हजार पुरुष और 92 लाख 40 हजार महिलाएं शामिल हैं। एफपीटीपी प्रणाली के तहत 3,406 उम्मीदवार चुनाव मैदान में हैं, जबकि समानुपातिक प्रतिनिधित्व प्रणाली के लिए 3,135 उम्मीदवारों की सूची जारी की गई है। आयोग ने सभी नागरिकों से लोकतंत्र को मजबूत बनाने के लिए मतदान करने की अपील की है।




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