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अमेरिका में ई-सिगरेट से अब तक 18 लोगों की मौत, एक हजार से ज्यादा बीमार
Sat, 05 Oct 2019 04:59 AM IST
देव कश्यप
वर्ल्ड डेस्क, अमर उजाला
वर्ल्ड डेस्क, अमर उजाला
Published by: देव कश्यप
Updated Sat, 05 Oct 2019 04:59 AM IST
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अमेरिका में ई-सिगरेट के इस्तेमाल के कारण फेफड़ों पर प्रतिकूल असर पड़ने की वजह से अब तक 18 लोगों की मौत हो चुकी है और इससे पीड़ित मरीजों की संख्या बढ़कर 1,080 हो गई है। अमेरिकी स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों ने यह जानकारी दी।
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‘सेंटर्स फॉर डिजीज कंट्रोल एंड प्रेवेंशन’ के निदेशक रॉबर्ट रेडफील्ड ने कहा, ‘दुर्भाग्य से, इस बीमारी को अमेरिकी युवाओं पर पड़ने वाले स्वास्थ्य संबंधी खतरों के बढ़ने के लिहाज से देखें तो यह एक भयावह समस्या का महज छोटा सा हिस्सा हो सकता है।’
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एजेंसी ने बताया कि पिछले हफ्ते सामने आए 275 मामलों में पिछले दो सप्ताह में बीमार मरीजों समेत नए रोगी भी शामिल रहे। पुराने मरीजों को फिर से बीमारी के लक्षण नजर आने की शिकायत है।
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जब मरीजों ने पूछा गया कि उन्होंने किन पदार्थों का सेवन किया तो 78 प्रतिशत ने निकोटिन युक्त या बिना निकोटिन वाला टेट्राहाइड्रोकैनाबिनोल (टीएचसी) उत्पादों का इस्तेमाल किया था, 37 प्रतिशत ने सिर्फ टीएचसी उत्पादों और 17 प्रतिशत ने निकोटिन युक्त उत्पादों का इस्तेमाल किया था। टीएचसी गांजे का मुख्य स्वापक पदार्थ है जो इंसान के दिमाग को प्रभावित करता है।
इन मरीजों में 70 प्रतिशत पुरुषों और 80 प्रतिशत महिलाओं की उम्र 35 साल से कम है। अमेरिका के कुछ राज्यों में ई-सिगरेट पर प्रतिबंध लगाया गया है, वहीं भारत में ई-सिगरेट के सभी उत्पादों पर पूरी तरह प्रतिबंध लग चुका है।