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प्रोत्साहन राशि बांटने पर उठे सवाल
Uttar Kashi
Updated Sun, 25 Nov 2012 12:00 PM IST
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उत्तरकाशी। जिला अस्पताल में राष्ट्रीय स्वास्थ्य बीमा योजना के तहत स्वास्थ्य कर्मियों को मिलने वाली प्रोत्साहन राशि के वितरण में गड़बड़ी का मामला सामने आया है। यहां प्रोत्साहन राशि सभी स्वास्थ्य कर्मियों में बांटने के बजाय मुख्य चिकित्सा अधीक्षक ने अपने चहेतों को दे दी है। इससे गुस्साई स्टाफ नर्सों ने इस संबंध में कार्रवाई की मांग की है।
राष्ट्रीय ग्रामीण स्वास्थ्य मिशन के तहत संचालित स्वास्थ्य बीमा योजना के तहत बीपीएल मरीजों को सरकारी अस्पतालों में नि:शुल्क उपचार की सुविधा दी जाती है। साथ ही योजना के तहत उपचार करने वाले स्वास्थ्य कर्मियाें को भी प्रोत्साहन राशि का प्राविधान है। इस प्रोत्साहन राशि के वितरण में जिला अस्पताल में गड़बड़ी का खुलासा हुआ है। पूरी प्रोत्साहन राशि एक ही नर्स को दिए जाने से गुस्साई अन्य स्टाफ नर्सों ने मुख्य चिकित्सा अधीक्षक को पत्र लिखकर कार्रवाई की मांग की है।
स्टाफ नर्स माहेश्वरी देवी, माया पांडेय, सभ्या राय, उर्मिला बतरा, अनुराधा गुप्ता, पीडी त्यागी, बबिता सैनी, विनीता पंवार, सुशीला भंडारी, बरखा नेगी आदि ने बताया कि जुलाई 2011 से जून 2012 तक की प्रोत्साहन राशि 46,400 रुपये एक ही स्टाफ नर्स को दी गई है। उन्होंने सभी स्टाफ नर्सों को प्रोत्साहन राशि देने की मांग की है। इसी तरह एक ही वार्ड ब्वाय को प्रोत्साहन राशि दी गई। प्रोत्साहन राशि के वितरण में गड़बड़ियों से स्वास्थ्य कर्मियों में रोष व्याप्त है।
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इनसेट---
वितरण में गड़बड़ी तो हुई है
उत्तरकाशी। मुख्य चिकित्सा अधीक्षक डा. अनिल कुमार का कहना है कि यह मामला उनसे पहले का है। उन्होंने स्वीकारा कि प्रोत्साहन राशि वितरण में गड़बड़ी तो हुई है। वे संबंधित नर्स व वार्ड ब्वाय से रिकवरी कर शेष कर्मियों में इसका वितरण कराएंगे।
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राष्ट्रीय ग्रामीण स्वास्थ्य मिशन के तहत संचालित स्वास्थ्य बीमा योजना के तहत बीपीएल मरीजों को सरकारी अस्पतालों में नि:शुल्क उपचार की सुविधा दी जाती है। साथ ही योजना के तहत उपचार करने वाले स्वास्थ्य कर्मियाें को भी प्रोत्साहन राशि का प्राविधान है। इस प्रोत्साहन राशि के वितरण में जिला अस्पताल में गड़बड़ी का खुलासा हुआ है। पूरी प्रोत्साहन राशि एक ही नर्स को दिए जाने से गुस्साई अन्य स्टाफ नर्सों ने मुख्य चिकित्सा अधीक्षक को पत्र लिखकर कार्रवाई की मांग की है।
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स्टाफ नर्स माहेश्वरी देवी, माया पांडेय, सभ्या राय, उर्मिला बतरा, अनुराधा गुप्ता, पीडी त्यागी, बबिता सैनी, विनीता पंवार, सुशीला भंडारी, बरखा नेगी आदि ने बताया कि जुलाई 2011 से जून 2012 तक की प्रोत्साहन राशि 46,400 रुपये एक ही स्टाफ नर्स को दी गई है। उन्होंने सभी स्टाफ नर्सों को प्रोत्साहन राशि देने की मांग की है। इसी तरह एक ही वार्ड ब्वाय को प्रोत्साहन राशि दी गई। प्रोत्साहन राशि के वितरण में गड़बड़ियों से स्वास्थ्य कर्मियों में रोष व्याप्त है।
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वितरण में गड़बड़ी तो हुई है
उत्तरकाशी। मुख्य चिकित्सा अधीक्षक डा. अनिल कुमार का कहना है कि यह मामला उनसे पहले का है। उन्होंने स्वीकारा कि प्रोत्साहन राशि वितरण में गड़बड़ी तो हुई है। वे संबंधित नर्स व वार्ड ब्वाय से रिकवरी कर शेष कर्मियों में इसका वितरण कराएंगे।