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संगठित गिरोहों के अपराधियों की स्लीपर सेल बन रही तराई
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रुद्रपुर। बाहरी राज्यों के लोगों का सत्यापन न होने से ऊधमसिंह नगर जिला दूसरे राज्यों के अपराधियों के संगठित गिरोहों का स्लीपर सेल (शरण स्थली) बन रहा है। जिले में दूसरे राज्यों के बदमाश कई दिन ठहरकर आपराधिक घटना को अंजाम देकर फरार हो जाते हैं। बताया जा रहा है कि समीर हत्याकांड के आरोपी अंग्रेज सिंह को पुलिस अभिरक्षा से छुड़ाकर कर ले जाने का प्रयास करने वाला दिल्ली निवासी रिंकू कुमार समेत पंजाब के कुछ शूटर कई दिनों से जिले में ही रह रहे थे।
ऊधमसिंह नगर जिले के कुमाऊं मंडल के प्रवेशद्वार होने के साथ ही इसकी सीमाएं यूपी के साथ ही नेपाल से भी जुड़ी हैं जिस कारण बाहरी राज्यों से अपराध करके आरोपी तराई में छुप जाते हैं। बीती जनवरी में पठानकोट बम धमाके के आरोपी सुखप्रीत को पनाह देने के मामले में जिले में चार लोगों को उत्तराखंड एसटीएफ ने गिरफ्तार किया था। सुखप्रीत जिले में चार दिन तक छुपा रहा था। एसएसपी मंजूनाथ टीसी का कहना है कि जिला न्यायालय परिसर से आरोपी को पुलिस अभिरक्षा से छुड़ाने के प्रयास में दो युवक पकड़े गए हैं लेकिन इनमें फरार स्थानीय चार युवकों के साथ ही पंजाब के कुछ शूटरों के शामिल होने की आशंका थी। यह शूटर पंजाब से आए थे, लेकिन पुलिस की सतर्कता के चलते उनके मंसूबे सफल न होने के कारण वे भाग गए, लेकिन पुलिस पकड़े गए दोनों युवकों को रिमांड पर लेकर पूछताछ करेगी, ताकि उनके पूरे संगठित गिरोह का खुलासा हो सके। साथ ही संगठित गिरोह बनाकर अपराध कर इन बदमाशों पर गैंगस्टर एक्ट के तहत कार्रवाई की जाएगी।
एसएसपी ने कहा कि बाहरी राज्यों के आने वाले लोगों व यहां आकर कारोबार करने वाले दूसरे राज्यों के लोगों का सत्यापन किया जाएगा। सत्यापन कार्य तेज करने के लिए सभी पुलिस थानों व चौकियों को निर्देश दिए जा रहे हैं।
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जेल में अंग्रेज के साथ एक ही बैरक में रहते थे शूटर रिंकू और उदयवीर
रुद्रपुर। वर्ष 2018 में किच्छा में प्रोपर्टी डीलर समीर की गोली मारकर हत्या कर दी गई थी। इसमें पुलिस ने छह लोगों के खिलाफ केस दर्ज किया था। इनमें अंग्रेज सिंह, सुखदेव, जसविंदर, प्रसन्नजीत सिंह, गुरुचरण और रंदीप सिंह उर्फ राजा के नाम शामिल थे। इसमें राजा की अभी तक गिरफ्तारी नहीं हो सकी है, जबकि दो आरोपियों को जमानत मिल चुकी है। हल्द्वानी उप कारागार में अंग्रेज सिंह और दो अन्य आरोपी अभी भी बंद हैं।
एसएसपी मंजूनाथ टीसी ने बताया कि पकड़े गए शूटर रिंकू कुमार रुद्रपुर नगर निगम के पार्षद अमित के अपहरण में शामिल में शामिल था। उस पर किच्छा व यूपी के बहेड़ी, भोजीपुरा, बिलासपुर लूट आदि के मुकदमे दर्ज हैं। हल्द्वानी उप कारागार में रहने के दौरान रिंकू और दूसरे आरोपी उदयवीर की अंग्रेज के साथ जान-पहचान हुई थी। तीनों जेल की एक ही बैरक में रहते थे। रिंकू करीब 20 दिन पहले ही जेल से छूटा था जबकि उदयवीर गदरपुर में ढाबे में हुए सिपाही हत्याकांड में शामिल था। जेल में एक ही बैरक में रहने के दौरान शूटर रिंकू और उदयवीर अंग्रेज के संपर्क में आए। जमानत नहीं मिलने के कारण अंग्रेज काफी परेशान था। वह किसी तरह जेल से छूटना चाहता था। इसके लिए उसने रिंकू और उदयवीर का इस्तेमाल किया। जेल से छूटने के बाद दोनों ने अंग्रेज को पेशी के दौरान पुलिस अभिरक्षा से छुड़ाकर ले जाने की साजिश रची थी।
सूत्रों का कहना है कि इसके लिए समीर हत्याकांड में फरार चल रहे आरोपी रंदीप सिंह उर्फ राजा ने शूटरों को पैसा दिया था। पुलिस इसकी जांच कर रही है। एसएसपी ने कहा कि समीर हत्याकांड का मुख्य आरोपी राजा की अभी तक गिरफ्तारी नहीं हो सकी है। उसकी गिरफ्तारी के प्रयास किए जा रहे हैं। इसके साथ ही न्यायालय परिसर से आरोपी को छुड़ाने के प्रयास में यदि किसी लिप्तता सामने आती हैं तो उसके खिलाफ कार्रवाई की जाएगी। संवाद
पुलिस टीम को 15 हजार रुपये का पुरस्कार
रुद्रपुर। जिला न्यायालय परिसर में आरोपी को पुलिस अभिरक्षा से छुड़ाने की साजिश रचने वाले शूटरों की गिरफ्तारी करने वाली पुलिस टीम को एसएसपी मंजूनाथ टीसी ने 15 हजार रुपये पुरस्कार देने की घोषणा की है। पुलिस टीम में एसपी क्राइम हरीश वर्मा व सीओ अभय सिंह के साथ ही एसओजी प्रभारी कमलेश भट्ट, पंतनगर थानाध्यक्ष राजेंद्र सिंह डांगी समेत ट्रांजिट कैंप थाना व थाना केलाखेड़ा की पुलिस टीम शामिल रही। संवाद
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ऊधमसिंह नगर जिले के कुमाऊं मंडल के प्रवेशद्वार होने के साथ ही इसकी सीमाएं यूपी के साथ ही नेपाल से भी जुड़ी हैं जिस कारण बाहरी राज्यों से अपराध करके आरोपी तराई में छुप जाते हैं। बीती जनवरी में पठानकोट बम धमाके के आरोपी सुखप्रीत को पनाह देने के मामले में जिले में चार लोगों को उत्तराखंड एसटीएफ ने गिरफ्तार किया था। सुखप्रीत जिले में चार दिन तक छुपा रहा था। एसएसपी मंजूनाथ टीसी का कहना है कि जिला न्यायालय परिसर से आरोपी को पुलिस अभिरक्षा से छुड़ाने के प्रयास में दो युवक पकड़े गए हैं लेकिन इनमें फरार स्थानीय चार युवकों के साथ ही पंजाब के कुछ शूटरों के शामिल होने की आशंका थी। यह शूटर पंजाब से आए थे, लेकिन पुलिस की सतर्कता के चलते उनके मंसूबे सफल न होने के कारण वे भाग गए, लेकिन पुलिस पकड़े गए दोनों युवकों को रिमांड पर लेकर पूछताछ करेगी, ताकि उनके पूरे संगठित गिरोह का खुलासा हो सके। साथ ही संगठित गिरोह बनाकर अपराध कर इन बदमाशों पर गैंगस्टर एक्ट के तहत कार्रवाई की जाएगी।
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एसएसपी ने कहा कि बाहरी राज्यों के आने वाले लोगों व यहां आकर कारोबार करने वाले दूसरे राज्यों के लोगों का सत्यापन किया जाएगा। सत्यापन कार्य तेज करने के लिए सभी पुलिस थानों व चौकियों को निर्देश दिए जा रहे हैं।
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जेल में अंग्रेज के साथ एक ही बैरक में रहते थे शूटर रिंकू और उदयवीर
रुद्रपुर। वर्ष 2018 में किच्छा में प्रोपर्टी डीलर समीर की गोली मारकर हत्या कर दी गई थी। इसमें पुलिस ने छह लोगों के खिलाफ केस दर्ज किया था। इनमें अंग्रेज सिंह, सुखदेव, जसविंदर, प्रसन्नजीत सिंह, गुरुचरण और रंदीप सिंह उर्फ राजा के नाम शामिल थे। इसमें राजा की अभी तक गिरफ्तारी नहीं हो सकी है, जबकि दो आरोपियों को जमानत मिल चुकी है। हल्द्वानी उप कारागार में अंग्रेज सिंह और दो अन्य आरोपी अभी भी बंद हैं।
एसएसपी मंजूनाथ टीसी ने बताया कि पकड़े गए शूटर रिंकू कुमार रुद्रपुर नगर निगम के पार्षद अमित के अपहरण में शामिल में शामिल था। उस पर किच्छा व यूपी के बहेड़ी, भोजीपुरा, बिलासपुर लूट आदि के मुकदमे दर्ज हैं। हल्द्वानी उप कारागार में रहने के दौरान रिंकू और दूसरे आरोपी उदयवीर की अंग्रेज के साथ जान-पहचान हुई थी। तीनों जेल की एक ही बैरक में रहते थे। रिंकू करीब 20 दिन पहले ही जेल से छूटा था जबकि उदयवीर गदरपुर में ढाबे में हुए सिपाही हत्याकांड में शामिल था। जेल में एक ही बैरक में रहने के दौरान शूटर रिंकू और उदयवीर अंग्रेज के संपर्क में आए। जमानत नहीं मिलने के कारण अंग्रेज काफी परेशान था। वह किसी तरह जेल से छूटना चाहता था। इसके लिए उसने रिंकू और उदयवीर का इस्तेमाल किया। जेल से छूटने के बाद दोनों ने अंग्रेज को पेशी के दौरान पुलिस अभिरक्षा से छुड़ाकर ले जाने की साजिश रची थी।
सूत्रों का कहना है कि इसके लिए समीर हत्याकांड में फरार चल रहे आरोपी रंदीप सिंह उर्फ राजा ने शूटरों को पैसा दिया था। पुलिस इसकी जांच कर रही है। एसएसपी ने कहा कि समीर हत्याकांड का मुख्य आरोपी राजा की अभी तक गिरफ्तारी नहीं हो सकी है। उसकी गिरफ्तारी के प्रयास किए जा रहे हैं। इसके साथ ही न्यायालय परिसर से आरोपी को छुड़ाने के प्रयास में यदि किसी लिप्तता सामने आती हैं तो उसके खिलाफ कार्रवाई की जाएगी। संवाद
पुलिस टीम को 15 हजार रुपये का पुरस्कार
रुद्रपुर। जिला न्यायालय परिसर में आरोपी को पुलिस अभिरक्षा से छुड़ाने की साजिश रचने वाले शूटरों की गिरफ्तारी करने वाली पुलिस टीम को एसएसपी मंजूनाथ टीसी ने 15 हजार रुपये पुरस्कार देने की घोषणा की है। पुलिस टीम में एसपी क्राइम हरीश वर्मा व सीओ अभय सिंह के साथ ही एसओजी प्रभारी कमलेश भट्ट, पंतनगर थानाध्यक्ष राजेंद्र सिंह डांगी समेत ट्रांजिट कैंप थाना व थाना केलाखेड़ा की पुलिस टीम शामिल रही। संवाद