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न संस्कृत विभाग बना, न कक्षा कक्ष मिला
अरुण कुमार काशीपुर।
Updated Mon, 25 Sep 2017 12:34 AM IST
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काशीपुर डिग्री कॉलेज में बीएससी पीसीएम कक्ष में संस्कृत के विद्यार्थियों को पढ़ाते प्राध्यापक।
- फोटो : amar ujala
महाविद्यालय प्रबंधन की हीलाहवाली के चलते संस्कृत विषय का अभी तक कोई विभाग नहीं बनाया गया है, जिसका खामियाजा विद्यार्थियों को भुगतना पड़ रहा है, लेकिन प्रबंधक इस ओर ध्यान नहीं दे रहे।
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राधे हरि राजकीय स्नातकोत्तर महाविद्यालय में संबंधित विषयों के विभाग बनाए गए हैं, लेकिन लंबे समय से महाविद्यालय में संस्कृत का अभी तक कोई विभाग नहीं बनाया गया। बता दें कि इस सत्र में संस्कृत प्रथम में अभी तक 70 विद्यार्थियों ने प्रवेश लिया है। साथ ही कक्षा भी एक हफ्ते से लगातार लग रही है, लेकिन विद्यार्थियों को पढ़ने के लिए कोई कक्षा कक्ष भी निर्धारित नहीं है। ऐसे में छात्र-छात्राएं कक्षा में नहीं पहुंच पा रहे हैं। संस्कृत प्राध्यापक डॉ. राघव झा ने बताया कि उन्होंने 26 दिसंबर 2016 में महाविद्यालय में कार्यभार लिया है। उनके पास संस्कृत का कोई विभाग नहीं है। इसके लिए वह प्राचार्य से लगातार मांग करते आ रहे हैं, लेकिन अभी तक विभाग की कोई व्यवस्था नहीं की गई है।
संस्कृत विषय का विभाग प्राध्यापक को नहीं दिया गया है तो इसकी जानकारी प्राचार्य से ली जाएगी।
-बीसी मलकानी, उच्च शिक्षा निदेशक हल्द्वानी
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