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Hindi News ›   Uttarakhand ›   Udham Singh Nagar News ›   Police team reaching court in case of chargesheet suppression

चार्जशीट दबाने के मामले में कोर्ट पहुंची पुलिस टीम

Fri, 31 Mar 2017 11:26 PM IST
ब्यूरो/अमर उजाला ब्यूरो, ऊध्ामसिंह नगर
ब्यूरो/अमर उजाला ब्यूरो, ऊध्ामसिंह नगर Updated Fri, 31 Mar 2017 11:26 PM IST
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आपराधिक मामलों की विवेचना में आरोप पत्र लगाने के बाद भी उन्हें दबाये रखने रखने के मामले में एएसपी के निर्देश पर पुलिस की एक टीम ने कोर्ट पहुंचकर मामले की जांच की। एएसपी के अनुसार जल्द ही मामले की रिपोर्ट उन तक पहुंच जाएगी। 

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बता दें कि कुछ दिन पूर्व रुद्रपुर कोतवाली में लंबित विवेचनाओं की जांच के दौरान एसएसपी डा. सदानंद दांते को पता चला कि वर्ष 2013 से 2015 तक चार दरोगाओं द्वारा विवेचनाओं की फाइल में चार्जशीट लगाने के बाद भी उन्हें सीओ कार्यालय को नहीं भेजा गया। 
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उक्त मामले को दरोगाओं की लापरवाही मानते हुए एसएसपी ने तीन दरोगाओं को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया जबकि एक दरोगा के एसटीएफ में तैनात होने से उनके निलंबन की कार्रवाई के लिए एसटीएफ को फाइल भेजी गई है। मामले को लेकर इस बात का अंदेशा लगाया जा रहा था कि निलंबित दरोगाओं द्वारा विवेचना फाइल को सीओ कार्यालय में न भेजकर सीधे कोर्ट में भेज दिया गया, जिसकी छानबीन के लिए शुक्रवार को एएसपी देवेंद्र पिंचा ने एक टीम कोर्ट में भेजकर जानकारी जुटाने के निर्देश दिये।
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पिंचा का कहना है टीम द्वारा मामले की छानबीन की जा रही है। अगर विवेचना फाइल को कोर्ट में भी नहीं भेजा गया है  तो निलंबित दरोगाओं के खिलाफ और कड़ी कार्रवाई की जा सकती है। 


कप्तान के रडार पर कोतवाली
कोतवाली में विवेचनाओं के निस्तारण में घोर लापरवाही उजागर होने के बाद अब कोतवाली पुलिस पूरी तरह एसएसपी डा. सदानंद दांते के रडार पर है। सूत्रों के अनुसार वर्ष 2013 से लेकर 2015 तक कोतवाली में पहुंचे कई मामलों में घोर लापरवाही बरती गई है। इसके साथ ही इस राज से भी पर्दा उठा कि कोतवाली में ही कई गंभीर मामलों को दबाया भी गया है। फिलहाल सभी मामलों की जांच की जा रही है। बताया जा रहा है कि छानबीन पूरी हर्जाने के बाद कई  पुलिसकर्मियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई हो सकती है।

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