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Rudraprayag News: खतरे के साये में पढ़ने को मजबूर छात्र-छात्राएं

Sat, 06 Jan 2024 04:42 PM IST
Dehradun Bureau देहरादून ब्यूरो
Updated Sat, 06 Jan 2024 04:42 PM IST
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Even after two years, the land subsidence affected part of the school ground could not be improved.
दो वर्ष बाद भी नहीं हो पाया स्कूल मैदान के भू-धंसाव प्रभावित हिस्से का सुधारीकरण
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बीते दो वर्षों से लगातार बढ़ रहा है भू-धंसाव का दायरा
तिलवाड़ा। उच्चतर माध्यमिक विद्यालय पालाकुराली के मैदान के भू-धंसाव प्रभावित हिस्से की दो वर्ष बाद भी मरम्मत नहीं हो पाई है, जिससे छात्र-छात्राएं खतरे में पढ़ाई करने को मजबूर हैं। विद्यालय प्रबंधन समिति और शिक्षक-अभिभावक संघ ने प्रशासन व विभाग से जल्द मैदान की मरम्मत की मांग की है।
2021 की बरसात के दौरान विद्यालय के मैदान का तीस मीटर से अधिक हिस्सा भू-धंसाव की चपेट में आ गया था। तब, विद्यालय प्रबंधन द्वारा विभाग को स्थिति से अवगत कराया गया, लेकिन कोई कार्रवाई नहीं हुई। बीते वर्ष बरसात में भू-धंसाव का दायरा बढ़ने से स्कूल भवन को भी खतरा पैदा हो गया।
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भू-धंसाव बढ़ने से मैदान के ऊपरी तरफ भी दरारें पड़ी है, जिससे मुख्य भवन भी जद में आ रहा है। विद्यालय प्रबंधन समिति के अध्यक्ष जसपाल सिंह राणा का कहना है कि प्रशासन व विभाग के साथ ही आपदा प्रबंधन को भी कई बार अवगत कराया जा चुका है। बावजूद, स्थिति जस की तस बनी है। वहीं प्रभारी प्रधानाध्यापक अश्विनी गौड़ ने बताया कि भू-धंसाव हिस्से की मरम्मत को लेकर ब्लॉक से लेकर जिले तक शिक्षा व विकास विभाग के अधिकारियों के साथ ही विधायक और आपदा प्रबंधन को पत्र भेजा जा चुका है, लेकिन किसी भी स्तर पर कोई कार्रवाई नहीं हो पाई है।
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एक वर्ष से एक कक्ष में चल रहा प्राथमिक स्कूल बैरांगणा
रुद्रप्रयाग। प्राथमिक विद्यालय बीते एक वर्ष से जूनियर हाईस्कूल के एक कक्ष में चल रहा है। वर्तमान शिक्षक सत्र में यहां पांचवीं तक कुल 10 छात्र-छात्राएं पंजीकृत हैं। वहीं, मीड-डे-मील व शिक्षणेत्तर गतिविधियां प्रभावित हो रही है।

प्रधान ज्योति देवी का कहना है कि एक वर्ष से शासन-प्रशासन और विभाग से स्कूल भवन के निर्माण को लेकर निरंतर पत्राचार किया जा रहा है, लेकिन समस्या जस की तस बनी है। प्रधानाध्यापक केपी जसोला ने बताया कि भवन के अभाव में पठन-पाठन और शिक्षणेत्तर गतिविधियों पर असर पड़ रहा है। बेसिक शिक्षा कार्यालय से मिली जानकारी के अनुसार, विद्यालय भवन के पुनर्निर्माण के लिए आरईएस के माध्यम से सर्वेक्षण कर 28 लाख का प्रस्ताव तैयार किया गया है। बजट नहीं होने से दिक्कत हो रही है। संवाद
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