{"_id":"6ae255eb9a6808043101df36","slug":"notices-issued-to-80-people-for-discharging-roof-runoff-onto-the-road-and-obstructing-drains-by-constructing-ramps-pithoragarh-news-c-229-1-shld1019-146216-2026-10-29","type":"story","status":"publish","title_hn":"Pithoragarh News: छतों का पानी सड़क पर डालने और रैंप बनाकर नाली बाधित करने पर 80 लोगों को नोटिस","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Pithoragarh News: छतों का पानी सड़क पर डालने और रैंप बनाकर नाली बाधित करने पर 80 लोगों को नोटिस
विज्ञापन
लोहाघाट (चंपावत)। सड़क पर घरों की छतों और रैंप का पानी बहाने पर लोक निर्माण विभाग ने 80 लोगों को नोटिस जारी किए हैं। लोनिवि के नोटिस के बाद लोगों में खलबली मची है।
लोक निर्माण विभाग के अधिशासी अभियंता मयंक तिवारी ने बताया कि पाटन पुल से लेकर गलचौड़ा तक लोगों ने भवनों की छतों से रेन वाटर पाइप के माध्यम से बारिश का पानी सीधे सड़क पर छोड़ा जा रहा है। इसके अलावा कुछ स्थानों पर अस्थायी रैंप बनाकर भी सड़क पर अतिक्रमण किया गया है। इससे सड़क किनारे बनी नालियों की सफाई में परेशानी हो रही है और मार्ग की उपयोगी चौड़ाई भी प्रभावित हो रही है।
उनका कहना है कि सड़क पर पानी बहने से वाहनों की आवाजाही प्रभावित होने के साथ ही राहगीरों को भी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। ईई तिवारी ने बताया कि संबंधित करीब 80 भवन स्वामियों को पहले भी अतिक्रमण हटाने के लिए नोटिस दिए गए थे, लेकिन कार्रवाई नहीं होने पर अब दोबारा नोटिस जारी किए गए हैं। उन्होंने संबंधित लोगों को सात दिन के भीतर सड़क पर पानी गिराने वाली व्यवस्था हटाने के निर्देश दिए हैं। निर्धारित समय में अतिक्रमण नहीं हटाने पर चालानी कार्रवाई के साथ विभागीय स्तर पर अतिक्रमण हटाने की चेतावनी दी गई है।
विज्ञापन
विज्ञापन
लोक निर्माण विभाग के अधिशासी अभियंता मयंक तिवारी ने बताया कि पाटन पुल से लेकर गलचौड़ा तक लोगों ने भवनों की छतों से रेन वाटर पाइप के माध्यम से बारिश का पानी सीधे सड़क पर छोड़ा जा रहा है। इसके अलावा कुछ स्थानों पर अस्थायी रैंप बनाकर भी सड़क पर अतिक्रमण किया गया है। इससे सड़क किनारे बनी नालियों की सफाई में परेशानी हो रही है और मार्ग की उपयोगी चौड़ाई भी प्रभावित हो रही है।
विज्ञापन
उनका कहना है कि सड़क पर पानी बहने से वाहनों की आवाजाही प्रभावित होने के साथ ही राहगीरों को भी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। ईई तिवारी ने बताया कि संबंधित करीब 80 भवन स्वामियों को पहले भी अतिक्रमण हटाने के लिए नोटिस दिए गए थे, लेकिन कार्रवाई नहीं होने पर अब दोबारा नोटिस जारी किए गए हैं। उन्होंने संबंधित लोगों को सात दिन के भीतर सड़क पर पानी गिराने वाली व्यवस्था हटाने के निर्देश दिए हैं। निर्धारित समय में अतिक्रमण नहीं हटाने पर चालानी कार्रवाई के साथ विभागीय स्तर पर अतिक्रमण हटाने की चेतावनी दी गई है।
विज्ञापन