फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttarakhand ›   Pithoragarh News ›   Namik Primary School has been with the support of one teacher for five years

Pithoragarh News: पांच साल से एक शिक्षक के सहारे है नामिक प्राथमिक विद्यालय

Tue, 24 Oct 2023 10:52 PM IST
हल्द्वानी ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, पिथौरागढ़
संवाद न्यूज एजेंसी, पिथौरागढ़ Updated Tue, 24 Oct 2023 10:52 PM IST
विज्ञापन
Namik Primary School has been with the support of one teacher for five years
नाचनी (पिथौरागढ़)। राजकीय प्राथमिक विद्यालय नामिक पांच साल से एक शिक्षक के भरोसे चल रहा है। विद्यालय में अध्ययनरत 41 छात्र-छात्राओं की पढ़ाई एक शिक्षक होने से प्रभावित हो रही है। अभिभावकों में विभाग के खिलाफ आक्रोश है। उनका कहना है कि दुर्गम विद्यालय में शिक्षा व्यवस्था हमेशा ही खराब रही है। अभिभावकों के आंदोलनों के बाद भी व्यवस्था में सुधार नहीं हुआ।
विज्ञापन


जिले के दुर्गम विद्यालय में शामिल नामिक में 1997 में अध्यापक भगवान सिंह जैम्याल ने वर्ष 2008 तक प्राथमिक विद्यालय में शिक्षण कार्य किया। इसके बाद उन्हें जूनियर हाईस्कूल नामिक में उच्चीकृत किया गया। इसके बाद विद्यालय शिक्षक विहीन हो गया। उन्हें प्राथमिक विद्यालय के साथ ही जूनियर हाईस्कूल का भी चार्ज 2008 में सौंपा गया।
विज्ञापन

दिसंबर 2009 में नामिक के ग्रामीण और बच्चे 27 किमी पैदल चलकर विर्थी के नजदीक द्वालीगाड़ पहुंचे और थल मुनस्यारी मार्ग में चक्का जाम कर दिया। खंड शिक्षाधिकारी जगत सिंह मर्तोलिया ने नामिक प्राथमिक विद्यालय में तत्काल ही दो शिक्षकों की व्यवस्था की। 2009 से 2019 तक शिक्षण व्यवस्थाएं सुचारु रहीं।
विज्ञापन
विज्ञापन


जिले से 165 किमी दूर है नामिक
नाचनी (पिथौरागढ़)। नामिक ग्राम पंचायत जिले के दूरस्थ क्षेत्र है। क्षेत्र में संचार की भी सुविधा नहीं है। लोगों को अपनी समस्या के समाधान के लिए 165 किमी दूर पिथौरागढ़ आना पड़ता है।

शिक्षक जून 2024 को होंगे सेवानिवृत्त
नाचनी (पिथौरागढ़)। राजकीय प्राथमिक विद्यालय नामिक एकमात्र शिक्षक आठ माह बाद सेवानिवृत्त होने वाले हैं। शिक्षक जून 2024 में सेवानिवृत्त होंगे। जानकारी के मुताबिक 2021-22 में विभाग ने दो नवनियुक्त अध्यापकों को नामिक में नियुक्ति दी गई थी, लेकिन वह आज तक विद्यालय नहीं पहुंचे। संवाद
विद्यालय में एकमात्र शिक्षक होने के कारण छात्र-छात्राओं की पढ़ाई मुश्किल हो रही है। विभाग को कई बार समस्या से अवगत करा दिया गया है लेकिन समाधान नहीं हुआ। दो शिक्षकों की तैनाती की जानी चाहिए। - मोहन राम, एसएसमसी अध्यक्ष।

विद्यालय में 41 छात्र-छात्राओं के लिए एकमात्र शिक्षक शिक्षा व्यवस्था के साथ खिलवाड़ है। नामिक जिले का सबसे दूरस्थ क्षेत्र है। सुविधा विहीन क्षेत्र में शिक्षा ग्रहण करना भी बच्चों के लिए मुश्किल हो रहा है। - तुलसी देवी, प्रधान, नामिक।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed