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रामगंगा-बेलपट्टी पंपिंग पेयजल योजना के लिए धनराशि स्वीकृत की जाय
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पेयजल मंत्री चुफाल को मांग पत्र सौंपते पूर्व जिला पंचायत सदस्य जगदीश कुमार। संवाद
- फोटो : PITHORAGARH
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पिथौरागढ़। गंगोलीहाट विकासखंड के बेलपट्टी क्षेत्र के लिए वर्षों पूर्व प्रस्तावित रामगंगा-बेलपट्टी पंपिंग पेयजल योजना नहीं बन पाई है। इससे लोगों को सालभर जल संकट से जूझना पड़ता है। पंपिंग पेयजल योजना के निर्माण के लिए राशि आवंटित करने की मांग के लिए पूर्व जिला पंचायत सदस्य जगदीश कुमार ने पेयजल मंत्री को मांग पत्र सौंपा।
पेयजल मंत्री बिशन सिंह चुफाल को सौंपे मांग पत्र में पूर्व जिपं सदस्य का कहना है कि बेलपट्टी क्षेत्र में 49 राजस्व गांवों में 202 तोक हैं। योजनाएं न होने से आज भी अधिकतर तोक पेयजल संकट से जूझ रहे हैं। इस क्षेत्र की पेयजल समस्या दूर करने के लिए वर्षों पूर्व रामगंगा नदी से पंपिंग योजना प्रस्तावित की गई थी लेकिन योजना अधर में लटकी है।
गर्मी में नौले धारे भी सूख जाते हैं ऐसे में लोगों को गाड़ गधेरों से पानी की आपूर्ति करनी पड़ती है। उन्होंने कहा कि अभी तक योजना के लिए राशि स्वीकृत नहीं हुई है जबकि इस समय जल जीवन मिशन के तहत पेयजल योजनाओं का निर्माण किया जा रहा है।
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उन्होंने इस योजना को प्रधानमंत्री जल जीवन मिशन के तहत वरीयता के आधार पर राशि स्वीकृत कराने की मांग की। इस समय पेयजल मंत्री ने इस मामले में शीघ्र राशि स्वीकृत करने के प्रयास करने का आश्वासन दिया।
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पेयजल मंत्री बिशन सिंह चुफाल को सौंपे मांग पत्र में पूर्व जिपं सदस्य का कहना है कि बेलपट्टी क्षेत्र में 49 राजस्व गांवों में 202 तोक हैं। योजनाएं न होने से आज भी अधिकतर तोक पेयजल संकट से जूझ रहे हैं। इस क्षेत्र की पेयजल समस्या दूर करने के लिए वर्षों पूर्व रामगंगा नदी से पंपिंग योजना प्रस्तावित की गई थी लेकिन योजना अधर में लटकी है।
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गर्मी में नौले धारे भी सूख जाते हैं ऐसे में लोगों को गाड़ गधेरों से पानी की आपूर्ति करनी पड़ती है। उन्होंने कहा कि अभी तक योजना के लिए राशि स्वीकृत नहीं हुई है जबकि इस समय जल जीवन मिशन के तहत पेयजल योजनाओं का निर्माण किया जा रहा है।
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उन्होंने इस योजना को प्रधानमंत्री जल जीवन मिशन के तहत वरीयता के आधार पर राशि स्वीकृत कराने की मांग की। इस समय पेयजल मंत्री ने इस मामले में शीघ्र राशि स्वीकृत करने के प्रयास करने का आश्वासन दिया।