{"_id":"6922f39153c58ed0ca0f036e","slug":"young-yashwant-has-become-an-example-of-self-reliance-increasing-his-income-through-fish-farming-and-vegetable-production-pauri-news-c-51-1-pri1001-112257-2025-11-23","type":"story","status":"publish","title_hn":"Pauri News: युवा यशवंत बने स्वावलंबन की मिसाल, मत्स्य पालन और सब्जी उत्पादन से बढ़ाई आय","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Pauri News: युवा यशवंत बने स्वावलंबन की मिसाल, मत्स्य पालन और सब्जी उत्पादन से बढ़ाई आय
Sun, 23 Nov 2025 05:14 PM IST
देहरादून ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, पौड़ी
संवाद न्यूज एजेंसी, पौड़ी
Updated Sun, 23 Nov 2025 05:14 PM IST
विज्ञापन
- पिछले वर्ष 2.25 क्विंटल मछली उत्पादन कर करीब 35 हजार रुपये कमाए
युवा यशवंत बने स्वावलंबन की मिसाल, मत्स्य पालन और सब्जी उत्पादन से बढ़ाई आय
पौड़ी। जनपद के ग्राम केवर्स निवासी यशवंत कुमार पर्वतीय क्षेत्र में स्वावलंबन की प्रेरणादायक मिसाल बन रहे हैं। मत्स्य विभाग की योजना के तहत उन्होंने अपने फार्म में लगभग 15 हजार रुपये के मछली बीज डाले और 13 मीटर लंबे, 7 मीटर चौड़े व 1.5 मीटर गहरे तालाब की स्थापना के लिए विभाग से 1 लाख 31 हजार रुपये की वित्तीय सहायता प्राप्त की। पिछले वर्ष यशवंत ने 2.25 क्विंटल मछली उत्पादन कर करीब 35 हजार रुपये का लाभ अर्जित किया। उन्होंने बताया कि 2022-23 में पहला फिश टैंक बनाया था और वर्तमान में तीन प्रजातियों के लगभग 1500 सीड तालाब में डाले हैं। साथ ही उन्होंने मछली भंडारण की व्यवस्था भी विकसित की है, जिससे उत्पादन और विपणन आसान हुआ है। मत्स्य पालन के साथ यशवंत अपनी 1.5 नाली भूमि में सब्ज़ी उत्पादन भी कर रहे हैं। 2017 से सब्ज़ी खेती और 2018 में लगाए गए पॉलीहाउस ने उनकी आमदनी में लगातार बढ़ोतरी की है। जिला मत्स्य अधिकारी अभिषेक मिश्रा ने कहा कि मुख्यमंत्री द्वारा पर्वतीय क्षेत्रों में मत्स्य पालन को बढ़ावा देने की पहल का सकारात्मक परिणाम है कि यशवंत जैसे युवा सफल उदाहरण बनकर सामने आ रहे हैं।
विज्ञापन
युवा यशवंत बने स्वावलंबन की मिसाल, मत्स्य पालन और सब्जी उत्पादन से बढ़ाई आय
पौड़ी। जनपद के ग्राम केवर्स निवासी यशवंत कुमार पर्वतीय क्षेत्र में स्वावलंबन की प्रेरणादायक मिसाल बन रहे हैं। मत्स्य विभाग की योजना के तहत उन्होंने अपने फार्म में लगभग 15 हजार रुपये के मछली बीज डाले और 13 मीटर लंबे, 7 मीटर चौड़े व 1.5 मीटर गहरे तालाब की स्थापना के लिए विभाग से 1 लाख 31 हजार रुपये की वित्तीय सहायता प्राप्त की। पिछले वर्ष यशवंत ने 2.25 क्विंटल मछली उत्पादन कर करीब 35 हजार रुपये का लाभ अर्जित किया। उन्होंने बताया कि 2022-23 में पहला फिश टैंक बनाया था और वर्तमान में तीन प्रजातियों के लगभग 1500 सीड तालाब में डाले हैं। साथ ही उन्होंने मछली भंडारण की व्यवस्था भी विकसित की है, जिससे उत्पादन और विपणन आसान हुआ है। मत्स्य पालन के साथ यशवंत अपनी 1.5 नाली भूमि में सब्ज़ी उत्पादन भी कर रहे हैं। 2017 से सब्ज़ी खेती और 2018 में लगाए गए पॉलीहाउस ने उनकी आमदनी में लगातार बढ़ोतरी की है। जिला मत्स्य अधिकारी अभिषेक मिश्रा ने कहा कि मुख्यमंत्री द्वारा पर्वतीय क्षेत्रों में मत्स्य पालन को बढ़ावा देने की पहल का सकारात्मक परिणाम है कि यशवंत जैसे युवा सफल उदाहरण बनकर सामने आ रहे हैं।