कोरोना महामारी की मार इस बार आदर्श रामलीला समिति की ओर से आयोजित रामलीला के आयोजन पर भी पड़ी है। गत वर्षों की तुलना में इस बार रावण, कुंभकर्ण और मेघनाद के पुतलों की ऊंचाई में पांच फीट की कमी की गई है।
पुतले तैयार करने में जुटे मुजफ्फरनगर पुरकाजी के मोहम्मद उमर ने बताया कि वह श्रीनगर की रामलीला में 12 वर्षों से हर वर्ष रामलीला में पुतला बनाने का काम करते आ रहे हैं। अन्य वर्षों में रावण के पुतले की ऊंचाई 50 फीट, कुंभकर्ण की 45 व मेघनाद के पुतले की ऊंचाई 40 फीट रखी जाती थी। इसके लिए करीब 95 हजार का ठेका होता था लेकिन इस बार कोरोना महामारी के कारण मंदी के चलते पुतले बनाने का ठेका 80 हजार में तय किया गया है। इस कारण पुतलों की ऊंचाई में पांच फीट की कमी की गई है। इस कार्य में वह अपने साथी मोहम्मद जूनियर, राशिद, जावेद और कृष्णपाल के साथ 11 दिन से दिन रात कर पुतले तैयार करने में जुटे हैं। संवाद