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प्रसूता की मौत मामले की होगी जांच
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उप जिला अस्पताल श्रीनगर में प्रसूता की मौत के मामले में जिला प्रशासन ने जांच के आदेश दे दिए हैं। जिलाधिकारी डॉ. विजय जोगदंडे ने अस्पताल के चिकित्सा अधीक्षक और संबंधित डॉक्टर से स्पष्टीकरण मांगा है।
गौरतलब है कि उप जिला अस्पताल श्रीनगर में 31 मई को प्रसव के बाद गैरसैंण (चमोली) की महिला तारा नेगी की मौत हो गई थी। बच्ची को जन्म देने के बाद महिला को रक्तस्राव हो रहा था। प्रसूता के लिए ब्लड बैंक श्रीकोट से रक्त का इंतजाम हो गया था लेकिन महिला की स्थिति ज्यादा खराब थी। उसे वेंटिलेटर की जरूरत थी। उप जिला अस्पताल में वेंटिलेटर न होने के कारण उसे सुविधा नहीं दी जा सकी। रक्तस्राव न रुकने पर प्रसूता की मौत हो गई। उप जिला अस्पताल के चिकित्सा अधीक्षक डॉ. गोविंद पुजारी ने बताया कि नवजात शिशु स्वस्थ है। प्रसूता को बचाने के हरसंभव प्रयास किए गए लेकिन वह बच नहीं पाई। जिलाधिकारी डॉ. जोगदंडे का कहना है कि मामले की जांच करवाई जा रही है। साथ ही उप जिला अस्पताल के चिकित्सा अधीक्षक और संबंधित स्त्री रोग विशेषज्ञ से स्पष्टीकरण मांगा गया है।
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गौरतलब है कि उप जिला अस्पताल श्रीनगर में 31 मई को प्रसव के बाद गैरसैंण (चमोली) की महिला तारा नेगी की मौत हो गई थी। बच्ची को जन्म देने के बाद महिला को रक्तस्राव हो रहा था। प्रसूता के लिए ब्लड बैंक श्रीकोट से रक्त का इंतजाम हो गया था लेकिन महिला की स्थिति ज्यादा खराब थी। उसे वेंटिलेटर की जरूरत थी। उप जिला अस्पताल में वेंटिलेटर न होने के कारण उसे सुविधा नहीं दी जा सकी। रक्तस्राव न रुकने पर प्रसूता की मौत हो गई। उप जिला अस्पताल के चिकित्सा अधीक्षक डॉ. गोविंद पुजारी ने बताया कि नवजात शिशु स्वस्थ है। प्रसूता को बचाने के हरसंभव प्रयास किए गए लेकिन वह बच नहीं पाई। जिलाधिकारी डॉ. जोगदंडे का कहना है कि मामले की जांच करवाई जा रही है। साथ ही उप जिला अस्पताल के चिकित्सा अधीक्षक और संबंधित स्त्री रोग विशेषज्ञ से स्पष्टीकरण मांगा गया है।
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