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भूमि प्रतिकर के लिए काट रहे लोक निर्माण विभाग के चक्कर
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श्रीनगर। लोक निर्माण विभाग कीर्ति नगर पर अब भी किसानों की भूमि 228.14 लाख मुआवजा बकाया है। भुगतान के लिए ग्रामीण विभाग के चक्कर काट रहे हैं । विभागीय अधिकारियों का कहना है कि अब तक 277.35 लाख का मुआवजा बांटा जा चुका है। बजट मिलने पर प्रभावित किसानों को शेष धनराशि का भुगतान कर दिया जाएगा।
विकास खंड कीर्तिनगर व देवप्रयाग में लोक निर्माण विभाग की ओर से करीब एक दशक में दो दर्जन से अधिक मोटर मार्गों का निर्माण करवाया गया है। जिसके लिए ग्रामीणों की कई हेक्टेयर भूमि काटी गई। साथ ही मोटर मार्ग निर्माण का मलबा गिरने से खेत भी दब गए, लेकिन विभाग ने आज तक प्रभावित किसानों को उनकी भूमि प्रतिकर और क्षतिपूर्ति का भुगतान नहीं किया है। विभाग पर किसानों का आज भी 228.14 लाख बकाया है।
ग्रामीण पातिराम जोशी, हुकम सिंह, विक्रम सिंह, शूरवीर सिंह, राकेश, मदन सिंह आदि ने बताया कि चार साल पूर्व मोटर मार्ग निर्माण के मलबे से उनकी कई नाली सिंचित व असिंचत भूमि मलबे से दब गई थी, लेकिन आज तक क्षतिपूर्ति का भुगतान नहीं हो पाया है। दूसरी ओर लोक निर्माण विभाग कीर्तिनगर के अधिशासी अभियंता बीएस नेगी ने बताया कि शासन से जो बजट मिला है प्रभावित किसानों को वितरित कर दिया गया है। जबकि शेष प्रतिकर के लिए फिर से मांग की गई है।
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विकास खंड कीर्तिनगर व देवप्रयाग में लोक निर्माण विभाग की ओर से करीब एक दशक में दो दर्जन से अधिक मोटर मार्गों का निर्माण करवाया गया है। जिसके लिए ग्रामीणों की कई हेक्टेयर भूमि काटी गई। साथ ही मोटर मार्ग निर्माण का मलबा गिरने से खेत भी दब गए, लेकिन विभाग ने आज तक प्रभावित किसानों को उनकी भूमि प्रतिकर और क्षतिपूर्ति का भुगतान नहीं किया है। विभाग पर किसानों का आज भी 228.14 लाख बकाया है।
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ग्रामीण पातिराम जोशी, हुकम सिंह, विक्रम सिंह, शूरवीर सिंह, राकेश, मदन सिंह आदि ने बताया कि चार साल पूर्व मोटर मार्ग निर्माण के मलबे से उनकी कई नाली सिंचित व असिंचत भूमि मलबे से दब गई थी, लेकिन आज तक क्षतिपूर्ति का भुगतान नहीं हो पाया है। दूसरी ओर लोक निर्माण विभाग कीर्तिनगर के अधिशासी अभियंता बीएस नेगी ने बताया कि शासन से जो बजट मिला है प्रभावित किसानों को वितरित कर दिया गया है। जबकि शेष प्रतिकर के लिए फिर से मांग की गई है।
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