{"_id":"5e08ede78ebc3e87ca32f515","slug":"shortage-of-buses-on-the-delhi-route-causes-mayhem-haldwani-news-hld367517338","type":"story","status":"publish","title_hn":"दिल्ली रूट पर उमड़ी भीड़, घंटों इंतजार के बाद भी नहीं मिली बसें","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
दिल्ली रूट पर उमड़ी भीड़, घंटों इंतजार के बाद भी नहीं मिली बसें
विज्ञापन
आज रविवार को दोपहर के समय हल्द्वानी रोडवेज पर दिल्ली जाने बाली बसों की कमी होने के चलते यात्रियों
हल्द्वानी। दिल्ली रूट में यात्रियों की ऐसी भीड़ उमड़ी कि यात्रियों को तीन-चार घंटे बस का इंतजार करना पड़ा। इसके बाद भी कई यात्रियों को सीट नहीं मिल पाई। सहायक समीक्षा अधिकारी, अनुवादक, टाइपिस्ट और सहायक लाइब्रेरियन की परीक्षा के चलते लोकल रूट की बसों में भी सीटों को लेकर मारामारी रही।
रविवार को सुबह से ही दिल्ली रूट में यात्रियों का दबाव बढ़ने लगा। यात्रियों की संख्या अधिक होने के कारण बसें कम पड़ गईं। दिन तक रोडवेज ने 15 बसें दिल्ली रूट में भेजी। शाम को फिर दिल्ली रूट में भीड़ उमड़ गई। रोडवेज प्रबंधन के पास बसें नहीं होने के कारण देर रात तक यात्री रोडवेज बस अड्डे में खड़े रहे। यूपी रोडवेज की बसों से कई यात्री मुरादाबाद, रामपुर और दिल्ली को रवाना हुए। कई यात्री बस नहीं मिलने के कारण वापस घर को लौट गए।
संचालन संबंधी मानक पूरा करने के कारण रोडवेज ने 36 बसों को रूट से हटा दिया है। इसके अलावा नई बसों का संचालन भी तकनीकी खामियों के चलते रोक दिया गया है। इसके बाद शेष बसों में कई बार दबाव बढ़ने पर सीटों को लेकर मारामारी जैसी स्थिति रहती है।
विज्ञापन
विज्ञापन
रविवार को सुबह से ही दिल्ली रूट में यात्रियों का दबाव बढ़ने लगा। यात्रियों की संख्या अधिक होने के कारण बसें कम पड़ गईं। दिन तक रोडवेज ने 15 बसें दिल्ली रूट में भेजी। शाम को फिर दिल्ली रूट में भीड़ उमड़ गई। रोडवेज प्रबंधन के पास बसें नहीं होने के कारण देर रात तक यात्री रोडवेज बस अड्डे में खड़े रहे। यूपी रोडवेज की बसों से कई यात्री मुरादाबाद, रामपुर और दिल्ली को रवाना हुए। कई यात्री बस नहीं मिलने के कारण वापस घर को लौट गए।
विज्ञापन
संचालन संबंधी मानक पूरा करने के कारण रोडवेज ने 36 बसों को रूट से हटा दिया है। इसके अलावा नई बसों का संचालन भी तकनीकी खामियों के चलते रोक दिया गया है। इसके बाद शेष बसों में कई बार दबाव बढ़ने पर सीटों को लेकर मारामारी जैसी स्थिति रहती है।
विज्ञापन