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कार्बेट पार्क में कैसे सुरक्षित रहेंगे बाघ!
जितेंद्र पपनै/रामनगर
Updated Fri, 18 Mar 2016 12:53 AM IST
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कार्बेट टाइगर रिजर्व में बाघों की सुरक्षा खतरे में है। कालागढ़ डिवीजन के प्लेन रेंज व अधनाला रेंज में साल के सात फीट से अधिक गोलाई वाले 21 पेड़ काटे गए हैं। इसकी विभाग को कानों कान खबर तक नहीं लगी।
जिससे उस क्षेत्र की गश्त पर भी सवालिया निशान लगने लगे हैं। 21 विशालकाय पेड़ काटकर पार्क से बाहर कर दिए गए। जंगलों को इसी तरह खत्म कर दिया जाएगा तो बाघों को बचाना मुश्किल हो जाएगा।
पार्क नियमों के अनुसार कोई पेड़ नहीं काटा जाना है और जो गिर गया है वह उसी स्थान पर पड़ा रहता है। बड़ा सवाल तो यह है कि प्लेन रेंज में 11 पेड़ तथा अधनाला रेंज में 10 पेड़ कोई एक दिन में नहीं काटे गए होंगे। इससे पार्क क्षेत्र की गश्त सवालों में है।
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पेड़ काटने को आई लेबर भी जंगल में ही रही। सवाल यह है कि वह कैसे जंगल के अंदर घुसी, कैसे पेड़ काटे गए और उसकी जानकारी किसी को क्यों नहीं हुई। पेड़ काटे जाने की बात को पार्क ायरेक्टर समीर सिन्हा ने भी स्वीकार किया है। उन्होंने बताया कि आधे से ज्यादा काटी गई लकड़ियां मौके से बरामद कर ली गई हैं।
लेबर कहां से आई थी, इसकी जांच चल रही है। मामले को न्यायालय में ले जाने की कार्रवाई की जा रही है। उन्होंनेे बताया कि यह मामला दो तीन माह पूर्व का है। जिसने घटना को अंजाम दिया है, उसकी पहचान कर ली गई है।
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जिससे उस क्षेत्र की गश्त पर भी सवालिया निशान लगने लगे हैं। 21 विशालकाय पेड़ काटकर पार्क से बाहर कर दिए गए। जंगलों को इसी तरह खत्म कर दिया जाएगा तो बाघों को बचाना मुश्किल हो जाएगा।
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पार्क नियमों के अनुसार कोई पेड़ नहीं काटा जाना है और जो गिर गया है वह उसी स्थान पर पड़ा रहता है। बड़ा सवाल तो यह है कि प्लेन रेंज में 11 पेड़ तथा अधनाला रेंज में 10 पेड़ कोई एक दिन में नहीं काटे गए होंगे। इससे पार्क क्षेत्र की गश्त सवालों में है।
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पेड़ काटने को आई लेबर भी जंगल में ही रही। सवाल यह है कि वह कैसे जंगल के अंदर घुसी, कैसे पेड़ काटे गए और उसकी जानकारी किसी को क्यों नहीं हुई। पेड़ काटे जाने की बात को पार्क ायरेक्टर समीर सिन्हा ने भी स्वीकार किया है। उन्होंने बताया कि आधे से ज्यादा काटी गई लकड़ियां मौके से बरामद कर ली गई हैं।
लेबर कहां से आई थी, इसकी जांच चल रही है। मामले को न्यायालय में ले जाने की कार्रवाई की जा रही है। उन्होंनेे बताया कि यह मामला दो तीन माह पूर्व का है। जिसने घटना को अंजाम दिया है, उसकी पहचान कर ली गई है।