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‘परदेश’ की महिमा को भायी देवभूमि की महिमा
ब्यूरो /अमर उजाला, हल्द्वानी (नैनीताल)।
Updated Mon, 16 Nov 2015 01:11 AM IST
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‘परदेस’ फिल्म से चर्चित हुई फिल्म अभिनेत्री महिमा चौधरी को देवभूमि उत्तराखंड की महिमा भा गई। उन्होंने रविवार को अमर उजाला के हल्द्वानी कार्यालय में बातचीत के दौरान कहा कि उत्तराखंड की जितनी तारीफ की जाए उतनी कम है। लंबे समय बाद अभिनेत्री महिमा चौधरी बंगाली फिल्म ‘डार्क चॉकलेट’ में दिखाई देंगी। महिमा कहती हैं ‘यह फिल्म शीना मर्डर केस से इंस्पायर्ड है। काफी समय बाद मुझे इस तरीके की फिल्म में काम करने का मौका मिला है। इसके अलावा लाइव शो भी कर रही हूं।’
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महिमा बोलीं कि फिल्म ‘परदेश’ आज भी मेरी पहचान हैं। जहां भी जाती हूं, आज भी लोग उस फिल्म को याद करते हैं। इस फिल्म को करते समय एक अलग सी फिलिंग थी। जैसे हर एक आम लड़की को होती है। शादी के समय उसे खुशी भी होती है कि उसकी मैरिज हो रही है, साथ-साथ एक उदासी भी मन में रहती है कि वह बाबुल का घर छोड़कर जा रही है। हालांकि, इसके बाद मेरी कई अन्य फिल्में भी आईं।
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मुझे याद है कि मेरी एक फिल्म आई थी ‘लज्जा’। इस फिल्म में दहेज के मामले को उठाया गया था। इस फिल्म में मैं दहेज मांगने पर पूरी बारात को वापस कर देती हूं। इस फिल्म के बाद कई लड़कियों ने दहेज मांगने पर बारात वापस कर दी। उत्तराखंड की तो जितनी तारीफ करूं कम हैं।
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बहुत खूबसूरत स्टेट है। पोटेंशियल भी काफी है। एजुकेशन की बात करें तो देहरादून और नैनीताल का दुनिया में नाम है। मैं तो यूथ से बस इतना ही कहना चाहूंगी कि पहले अपनी एजुकेशन को सीरियसली लें। बगैर एजुकेशन के कुछ भी नहीं है। यदि आप शिक्षित हैं तो पूरी दुनिया आपकी है।
द वॉयस इंडिया पवनदीप राजन की योजना सफल रही तो जल्द ही बॉलीवुड में पहाड़ी तड़का नजर आएगा। पवनदीप का कहना है कि अब तक मैं देखता आया हूं कि हिंदी फिल्मों में अक्सर पंजाबी गानों की धूम रहती हैं, क्यों न इन फिल्मों में कुमाऊंनी गाने भी डाले जाएं। इस संबंध में मैंने शान सर से बात की है, जल्द ही आपको इसके नतीजे देखने को मिलेंगे।
अमर उजाला पहुंचे पवनदीप बोले कि खिताब जीतने के बाद से मेरी पूरी जिंदगी ही बदल गई है। पहले जहां मैं कोई गाना गाता था तो लोगों का रिएक्शन होता था सही गाया। अब यदि मैं गाना गलत भी गा दूं तो लोग कहते हैं, वाह! पवनदीप मजा आ गया।
लोगों के कहने के तरीके में ही बदलाव आ गया है। लोग मुझे पहचानने लगे हैं। कहीं जाता हूं तो लोग कहते हैं अरे पवनदीप आ गया। ऑटोग्राफ लेने लगे हैं। शान सर ने मुझे आगे बढ़ाने में काफी मदद की है। उन्हीं के साथ रहता हूं। एक साथ स्टूडियो में गाने रिकॉर्ड करते हैं।
एक तरह से कहूं तो उन्होंने मुझे एडॉप्ट कर लिया है। उन्होंने मुझे हमेशा यह बात सिखाई कि ‘मेहनत करो, डरो मत’। बस अपना बेस्ट परफॉर्म करो। पहले मैं सोचता था कि रियल्टी शो में जुगाड़ लगता होगा, लेकिन अब मेरी यह धारणा बदल चुकी है। हार-जीत तो लगी रहती है। एक जीतता है और एक हारता है। अगर आप बगैर डर के परफॉर्म करेंगे तो जीत आपकी ही होगी।