{"_id":"89417a12aac1924f9e76b5364f187601","slug":"no-water-in-24-days-hindi-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"24 दिन में भी नहीं टपका नलों से पानी","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
24 दिन में भी नहीं टपका नलों से पानी
पौड़ी
Updated Thu, 03 Dec 2015 06:04 PM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
कोट ब्लाक के चोपड़यूं गांव के लोग 24 दिन से जल संकट से जूझ रहे हैं। इस गांव की पेयजल योजना में आई खराबी को संस्थान अभी तक दूर नहीं कर पाया है। ग्रामीणों को प्राकृतिक जल स्रोत से पानी लाकर प्यास बुझानी पड़ रही है। कोट ब्लाक के बहेड़ाखाल ग्राम पंचायत क्षेत्र स्थित चोपड़ियूं गांव में असगढ़ गदेरे से असगढ़-दियूसा पेयजल योजना से पानी की आपूर्ति की जाती है।
दो साल पहले दैवी आपदा में यह पेयजल योजना क्षतिग्रस्त हो गई। पिछले साल जल संस्थान की ओर से आपदा की मद से इसमें मरम्मत कार्य कराया गया था जिसमें 20 लाख की राशि खर्च की गई। मरम्मत होने के बाद भी यह योजना लोगों की अपेक्षा पर खरी नहीं उतर पा रही है।
क्षेत्रवासी बृज मोहन सिंह रावत ने बताया कि पिछले 19 नवंबर को इस योजना में खराबी आने से चोपड़यूं गांव में पेयजल आपूर्ति ठप हो गई थी जो अभी तक सुचारु नहीं हो पाई है। इस वजह से गांव में रह रहे 20 से अधिक परिवारों को प्राकृतिक जल स्रोत से पानी लाकर प्यास बुझानी पड़ रही है।
विज्ञापन
जल संस्थान के अधिशासी अभियंता पीके सैनी बताया कि इस योजना को सुचारु किया जा रहा है। कुछ जगहों में योजना की लाइन को बदला जा रहा है। जल्दी ही गांव की पेयजल आपूर्ति सुचारु कर दी जाएगी।
विज्ञापन
दो साल पहले दैवी आपदा में यह पेयजल योजना क्षतिग्रस्त हो गई। पिछले साल जल संस्थान की ओर से आपदा की मद से इसमें मरम्मत कार्य कराया गया था जिसमें 20 लाख की राशि खर्च की गई। मरम्मत होने के बाद भी यह योजना लोगों की अपेक्षा पर खरी नहीं उतर पा रही है।
विज्ञापन
क्षेत्रवासी बृज मोहन सिंह रावत ने बताया कि पिछले 19 नवंबर को इस योजना में खराबी आने से चोपड़यूं गांव में पेयजल आपूर्ति ठप हो गई थी जो अभी तक सुचारु नहीं हो पाई है। इस वजह से गांव में रह रहे 20 से अधिक परिवारों को प्राकृतिक जल स्रोत से पानी लाकर प्यास बुझानी पड़ रही है।
विज्ञापन
जल संस्थान के अधिशासी अभियंता पीके सैनी बताया कि इस योजना को सुचारु किया जा रहा है। कुछ जगहों में योजना की लाइन को बदला जा रहा है। जल्दी ही गांव की पेयजल आपूर्ति सुचारु कर दी जाएगी।