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कपारोली गांव की तीस साल पुरानी योजना पर पानी नहीं

Thu, 07 Apr 2016 09:22 PM IST
अमर उजाला/श्रीनगर।
अमर उजाला/श्रीनगर। Updated Thu, 07 Apr 2016 09:22 PM IST
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विकास खंड कीर्तिनगर के ग्राम पंचायत कपरोली को पेयजल आपूर्ति कराने वाली 30 साल पुरानी और 25 किलोमीटर लंबी कपरोली पेयजल योजना लोगों की प्यास नहीं बुझा पा रही है। कारण इस पेयजल योजना के मूल स्रोत से चैंबर तक 80 मीटर गूल का क्षतिग्रस्त होना है। जल संस्थान ने कच्ची गूल से कामचलाऊ व्यवस्था की है। तीन दशक पुरानी, काफी लंबी और क्षतिग्रस्त गूल से इस पर पानी बमुश्किल चल पाता है। गांव में स्थापित हैंडपंप से बहुत कम पानी आ रहा है। ऐसे में ग्रामीण करीब एक किमी दूर प्राकृतिक पेयजल स्रोत से पानी ढो रहे हैं।

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ग्राम पंचायत कपरोली में करीब 250 परिवार रहते हैं। गर्मी बढ़ने के साथ ही यहां पेयजल समस्या सिर उठाने लगी है। ग्राम प्रधान सरोजनी देवी बताती हैं कि एक माह से ग्रामीणों को अपने परिवार व मवेशियों की प्यास बुझाने के लिए पानी ढोना पड़ रहा है। दिन भर में ज्यादा वक्त पानी लाने में बीत रहा है। गांव में सड़क के किनारे एक हैंडपंप लगा है। इससे भी पानी बारीक धारा के समान निकल रहा है।
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जल संस्थान के सहायक अभियंता नरेश पाल सिंह ने बताया कि गांव में पानी की दिक्कत नहीं है। यदि कोई शिकायत मिलती है, तो 5-6 घंटे के अंदर समाधान हो जाता है। पेयजल लाइन पुरानी और लंबी होने से थोड़ा समस्या आ रही है। पक्की गूल निर्माण के लिए जिला योजना में प्रस्ताव दिया गया है। भूजल स्तर कम होने से हैंडपंप से पानी कम निकल रहा है। एक माह में तीन बार हैंडपंप की मरम्मत की जा चुकी है।

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