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आठ साल पहले बनी सड़क का डामरीकरण नहीं
अमर उजाला/पौड़ी।
Updated Mon, 02 May 2016 07:51 PM IST
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खरकोटा, जैखोली, सिठाड़ा ढ़ाढरी आदि गांवों को यातायात से जोड़ने के लिए आठ साल पहले बनी प्रेमनगर-गडोली-खंडाह सड़क का अब तक डामरीकरण नहीं हो पाया है। इन गांवों के लोग अब भी धूल फांकती सड़क में सफर करने को मजबूर हैं। शासन से बजट स्वीकृत नहीं होना सड़क के डामरीकरण में रोड़ा बना हुआ है।
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पौड़ी ब्लाक खरकोटा, जैखोली, सिठाणा ढ़ाढरी, डोभाल ढ़ाढरी, बिचली ढ़ाढरी, तल्ली ढ़ाढरी, धनक, ढांढरी समेत करीब 20 गांवों को यातायात से जोड़ने के लिए यूपी शासन में गडोली से खंडाह तक 13 किमी सड़क स्वीकृत हुई थी। लंबे इंतजार के बाद वर्ष 2007 में यह सड़क बनकर तैयार हो गई थी। सड़क बनने के बाद से ही ग्रामीणों ने इसमें डामरीकरण की मांग उठानी शुरू कर दी थी। सड़क बने अब आठ साल हो गए हैं। बावजूद इसके इसका अब तक डामरीकरण नहीं हो पाया है।
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क्षेत्र के सामाजिक कार्यकर्ता विमल कुमार बहुगुणा, आनंद सिंह, देवेंद्र खत्री बताते हैं कि यह सड़क क्षेत्र के 20 गांवों को यातायात जोड़ती है। इसके बाद भी सड़क को डामरीकृत करने के लिए शासन की ओर से कोई प्रयास नहीं किए जा रहे हैं। बरसात में यह सड़क अक्सर बंद हो जाती है। लोनिवि प्रांतीय खंड के अधिशासी अभियंता निर्भय सिंह ने बताया कि सड़क के डामरीकरण के लिए तीन बार शासन को आगणन भेजा जा चुका है। शासन से बजट स्वीकृत नहीं हो पा रहा है। बजट स्वीकृत होने के बाद ही डामरीकरण का कार्य शुरू किया जाएगा।
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