{"_id":"598351104f1c1b0b778b46c4","slug":"191501778192-kotdwar-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"कोटद्वार में मूसलाधार बारिश, झंडाचौक लबालब","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
कोटद्वार में मूसलाधार बारिश, झंडाचौक लबालब
Updated Thu, 03 Aug 2017 10:06 PM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
कोटद्वार। बृहस्पतिवार को हुई मूसलाधार बारिश से नगर की ह्दयस्थली कहे जाने वाले झंडाचौक पानी से लबालब हो गया। सड़क तालाब में बदल गई, जिसमें वहां खड़े दोपहिया वाहन आधे पानी में डूब गए। पानी में डूबे वाहनों को बारिश रुकने के बाद ही बाहर निकाला गया। बारिश के कारण स्टेशन रोड पर बड़े-बड़े गढ्डें बन गए हैं, जिससे राहगीरों को परेशानी का सामना करना पड़ा।
बृहस्पतिवार दोपहर से शुरू हुई मूसलाधार बारिश से नगर की कई सड़कों पर पानी भर गया। झंडाचौक में बारिश के कारण दुकानों के अंदर तक पानी घुस गया। हालांकि दुकानदारों को कोई नुकसान नहीं हुआ है। दुकानदारों ने भी अपने बाहर रखे सामान को अंदर कर दिया। बारिश इतनी तेज थी कई लोग अपने आवश्यक कार्य को निपटाने के लिए रेनकोट पहनकर बाजार निकले। दुकानदार अंकित अग्रवाल और गुंजन भाटिया ने कहा कि बारिश के कारण झंडाचौक से स्टेशन रोड की ओर जाने वाली सड़क पर जगह-जगह बड़े-बड़े गढ्ड़ेे हो गए है। जो बारिश के पानी से भरे होने के कारण नजर नहीं आ रहे हैं। इन गड्ढों में फंसकर यहां से वाहनों पर आवाजाही करने वाले कई लोग चोटिल हो रहे हैं। कहा कि शीघ्र ही इन गढ्ड़ों को नहीं भरा गया तो यहां कभी भी कोई अप्रिय घटना हो सकती है।
विज्ञापन
बृहस्पतिवार दोपहर से शुरू हुई मूसलाधार बारिश से नगर की कई सड़कों पर पानी भर गया। झंडाचौक में बारिश के कारण दुकानों के अंदर तक पानी घुस गया। हालांकि दुकानदारों को कोई नुकसान नहीं हुआ है। दुकानदारों ने भी अपने बाहर रखे सामान को अंदर कर दिया। बारिश इतनी तेज थी कई लोग अपने आवश्यक कार्य को निपटाने के लिए रेनकोट पहनकर बाजार निकले। दुकानदार अंकित अग्रवाल और गुंजन भाटिया ने कहा कि बारिश के कारण झंडाचौक से स्टेशन रोड की ओर जाने वाली सड़क पर जगह-जगह बड़े-बड़े गढ्ड़ेे हो गए है। जो बारिश के पानी से भरे होने के कारण नजर नहीं आ रहे हैं। इन गड्ढों में फंसकर यहां से वाहनों पर आवाजाही करने वाले कई लोग चोटिल हो रहे हैं। कहा कि शीघ्र ही इन गढ्ड़ों को नहीं भरा गया तो यहां कभी भी कोई अप्रिय घटना हो सकती है।
विज्ञापन