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श्रम कानूनों के अनुसार आशाओं को मानदेय दे सरकार
Updated Tue, 21 Nov 2017 10:38 PM IST
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कोटद्वार। अपनी पांच सूत्री मांगों के समर्थन में दुगड्डा ब्लाक की आशा कार्यकत्रियों का कार्यबहिष्कार और धरना-प्रदर्शन 36वें दिन भी जारी रहा। आशाओं ने उनकी मांग नहीं माने जाने पर उग्र आंदोलन शुरू करने की चेतावनी दी।
मंगलवार को आशा संगठन की ब्लाक अध्यक्ष प्रभा चौधरी के नेतृत्व में ब्लाक की आशा कार्यकत्री तहसील में एकत्र हुईं। उन्होंने प्रदेश सरकार के खिलाफ नारेबाजी की और धरना दिया। इस अवसर पर आशाओं ने प्रदेश सरकार पर श्रमिक विरोधी नीतियों को अपनाने का आरोप लगाया। कहा कि एक तरफ भाजपा महिलाओं को समान अधिकार देकर आगे बढ़ाने और उनके आरक्षण की बात कर रही है, वहीं दूसरी ओर 12 वर्षों से सेवाएं दे रही आशाओं की अनदेखी की जा रही है। सरकार आशाओं को उनके कार्य के अनुरूप मानदेय तक नहीं दे रही है। इसके कारण आशाओं को आर्थिक समस्याओं से जूझना पड़ रहा है। उन्होंने सरकार से उन्हें श्रम कानूनों के अनुसार मानदेय दिए जाने की मांग की।
इस अवसर पर संगठन की उपाध्यक्ष मीरा नेेगी, सचिव रंजना कोटनाला, भागीरथी भंडारी, नीलम कुुकरेेेती, रीता देवी, विजयलक्ष्मी, उषा देवी, सुनीता देवी, संगीता रावत, मीना रावत, रोशनी जदली, मंजू नेगी, विनिता काला, विजयलक्ष्मी ध्यानी, कुसुम रावत, ज्योति रावत व सुमित्रा भट्ट आदि मौजूद थे।
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मंगलवार को आशा संगठन की ब्लाक अध्यक्ष प्रभा चौधरी के नेतृत्व में ब्लाक की आशा कार्यकत्री तहसील में एकत्र हुईं। उन्होंने प्रदेश सरकार के खिलाफ नारेबाजी की और धरना दिया। इस अवसर पर आशाओं ने प्रदेश सरकार पर श्रमिक विरोधी नीतियों को अपनाने का आरोप लगाया। कहा कि एक तरफ भाजपा महिलाओं को समान अधिकार देकर आगे बढ़ाने और उनके आरक्षण की बात कर रही है, वहीं दूसरी ओर 12 वर्षों से सेवाएं दे रही आशाओं की अनदेखी की जा रही है। सरकार आशाओं को उनके कार्य के अनुरूप मानदेय तक नहीं दे रही है। इसके कारण आशाओं को आर्थिक समस्याओं से जूझना पड़ रहा है। उन्होंने सरकार से उन्हें श्रम कानूनों के अनुसार मानदेय दिए जाने की मांग की।
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इस अवसर पर संगठन की उपाध्यक्ष मीरा नेेगी, सचिव रंजना कोटनाला, भागीरथी भंडारी, नीलम कुुकरेेेती, रीता देवी, विजयलक्ष्मी, उषा देवी, सुनीता देवी, संगीता रावत, मीना रावत, रोशनी जदली, मंजू नेगी, विनिता काला, विजयलक्ष्मी ध्यानी, कुसुम रावत, ज्योति रावत व सुमित्रा भट्ट आदि मौजूद थे।
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