फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttarakhand ›   Harish Rawat claimed, Bill had been passed house.

हरीश रावत का दावा, सदन में पारित हो चुका था बजट

Tue, 29 Mar 2016 10:48 PM IST
ब्यूरो/अमर उजाला, देहरादून
ब्यूरो/अमर उजाला, देहरादून Updated Tue, 29 Mar 2016 10:48 PM IST
सार

  • प्रेसवार्ता में पूर्व मुख्यमंत्री हरीश रावत ने किया दावा।
  • कहा, बजट को खारिज किया तो 24 घंटे उपवास करूंगा।

विज्ञापन
Harish Rawat claimed, Bill had been passed house.
- फोटो : file photo

विस्तार

पूर्व मुख्यमंत्री हरीश रावत ने 18 मार्च को सदन में बजट और वित्त विनियोग विधेयक पारित होने का दावा किया। रावत ने केंद्र सरकार पर बजट को खारिज करने की कोशिश का आरोप लगाया और कहा कि इस तरह की कोशिश हुई तो वह खुद 24 घंटे की भूख हड़ताल करेंगे।

विज्ञापन


मंगलवार को बीजापुर अतिथि गृह में मीडिया से मुखातिब पूर्व मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रदेश की विधानसभा अस्तित्व में है और संविधान साफ तौर पर कहता है कि जहां राज्य की विधानसभा अस्तित्व में है, वहां बजट पारित करना विधानसभा का दायित्व है। 
विज्ञापन


रावत ने कहा कि उन्हें यह जानकारी मिली है कि प्रदेश के बजट को खारिज करने की कोशिश की जा रही है। इस तरह का कोई भी प्रयास विधानसभा का अपमान है। केंद्रीय वित्त मंत्री की ओर से यह आया है कि बजट को पारित नहीं माना जा रहा है, लिहाजा हमने इस धमकी को गंभीरता से लिया है। 
विज्ञापन
विज्ञापन


रावत ने कहा कि किसी भी संदेह से परे यह सिद्ध किया जा चुका है कि 18 मार्च को सदन में बजट पारित हुआ। हरीश रावत ने प्रदेश के 2016-17 के बजट को जन आकांक्षाओं का बजट बताया और कहा कि बजट में की गई जन कल्याणकारी घोषणाओं को नकारने के लिए भाजपा का शीर्ष नेतृत्व यह दबाव पैदा कर रहा है। 

अगर बजट किया जाता खारिज तो रखता 24 घंटे का उपवास

Harish Rawat claimed, Bill had been passed house.
बजट - फोटो : amar ujala

पहली बार बजट में मुख्यमंत्री की 80 प्रतिशत घोषणाओं के लिए वित्तीय प्रावधान किए गए हैं। प्रदेश का बजट हर वर्ग को ध्यान में रखकर बनाया है। कहा कि अगर बजट को खारिज किया जाता है तो मैं खुद 24 घंटे का उपवास कर विरोध जताऊंगा। पूर्व मुख्यमंत्री ने कहा कि भाजपा ने निर्वाचित सरकार को अस्थिर करने का प्रयास किया। 

अब यह भी देखा जाएगा कि भाजपा की इस कोशिश के कारण राज्य को वित्तीय रूप से कितना नुकसान हुआ। प्रेस वार्ता में कांग्रेस के सह प्रभारी संजय कपूर, इंदिरा हृदयेश, यशपाल आर्य, दिनेश अग्रवाल, हरीश चंद्र दुर्गापाल, नव प्रभात, हीमेश खर्कवाल आदि शामिल थे।

हाईकोर्ट के फैसले से राहत मिली
पूर्व मुख्यमंत्री हरीश रावत का कहना है कि राज्यपाल की ओर से 28 मार्च को सदन में बहुमत साबित करने का निर्देश दिया गया था। सरकार उस समय बहुमत साबित करने के लिए तैयार थी, लेकिन इससे पहले ही प्रदेश में राष्ट्रपति शासन लगा दिया गया। उच्च न्यायालय ने लोकतंत्र और संविधान की मूल भावना को फिर से स्थापित किया है। 

जिस तरह से गैर भाजपा सरकारों को गिराने की साजिश की जा रही है, उसका यह उच्च न्यायालय का यह फैसला करारा जवाब देता है। 31 मार्च को हम विधानसभा में अपना बहुमत साबित करेंगे।

रावत ने कहा कि वह आज तक समझ नहीं पाए कि जब 28 मार्च को बहुमत साबित करने का निर्देश दिया था तो भाजपा के शीर्ष नेतृत्व को ऐसी क्या जल्दी थी कि 24 घंटे भी इंतजार नहीं किया गया। 

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed