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विश्वविद्यालय प्रशासन रोक के बाद भी कराया चुनाव

Sat, 02 Apr 2016 12:14 AM IST
hridwar uttrakhanda india
hridwar uttrakhanda india Updated Sat, 02 Apr 2016 12:14 AM IST
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University administration was stopped after the election
रोक के बाद भी हुआ चुनाव - फोटो : अमर उजाला

हरिद्वार। गुरुकुल कांगड़ी विश्वविद्यालय प्रशासन ने मुख्य शिक्षा अधिकारी के आदेशों को दरकिनार करते हुए शुक्रवार को आर्य समाज का चुनाव करा दिया। आरोप है कि विवि प्रशासन ने विद्यालय के 70 सदस्यों को चुनाव में शामिल भी नहीं किया। विद्यालय के प्रधानाचार्य और आर्य समाज के अध्यक्ष ने चुुनाव को असंवैधानिक करार दिया।

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गुरुकुल कांगड़ी आर्य समाज का चुनाव कार्यक्रम गुरुकुल कांगड़ी विश्वविद्यालय के हिंदी विभाग के प्रो. ज्ञानचंद रावल की ओर से 18 मार्च को घोषित कर दिया गया था। नामांकन के बाद निर्धारित कार्यक्रमानुसार 29 मार्च को प्रत्याशियों की सूची जारी कर दी गई। गौरतलब है कि उच्च न्यायालय नैनीताल में दायर एक याचिका के आदेश में मुख्य शिक्षा अधिकारी अजय कुमार नौडियाल को गुरुकुल कांगड़ी विद्यालय विभाग का प्रबंधन अधिकारी नियुक्त किया गया है। जिस आर्यसमाज का चुनाव कराया गया उसका भवन विद्यालय विद्यालय विभाग की संपत्ति है। चूंकि चुनाव कार्यक्रम विश्वविद्यालय के प्रोफेसर की ओर से जारी किया गया था। इसलिए सीईओ ने विश्वविद्यालय के कुलसचिव को पत्र लिखकर चुनाव को असंवैधानिक बताते हुए चुनाव नहीं कराने के लिए कहा लेकिन इसके बाद विश्वविद्यालय प्रशासन ने शुक्रवार को चुनाव करा दिया। इस बारे में कुलसचिव का कहना है कि  कि मुख्य शिक्षा अधिकारी के पत्र का जवाब दे दिया गया। उसके बाद चुुुनाव कराए गए। उन्होंने बताया कि सीईओ को लिखे पत्र में कहा गया कि विश्वविद्यालय का आर्यसमाज से कोई लेना देेना नहीं। अब सवाल उठता है कि फिर चुनाव अधिकारी विश्वविद्यालय प्रशासन ने अपने एक प्रोफेसर को क्यों और किसकी अनुमति से बना दिया।
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सदस्यों को चुनाव में नहीं किया शामिल
प्रधानाचार्य बिजेंद्र शास्त्री के अनुसार आर्यसमाज असलियत में विद्यालय विभाग का है। विद्यालय से 70 शिक्षक और कर्मचारी आर्यसमाज के सदस्य है। जिनमें से किसी को भी चुनाव में प्रतिभाग नहीं करने दिया गया। विश्वविद्यालय प्रशासन को चुनाव कराने का अधिकार नहीं है। उन्होंने कहा कि यह चुनाव पूरी तरह असंवैधानिक है।
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सत्येदव अध्यक्ष और रमेश बने महामंत्री
चुनाव अधिकारी डा. ज्ञानचंद रावल ने बताया कि महामंत्री पद के लिए प्रकाश चंद तिवारी को 149 मत मिले जबकि रमेश चंद को 173 मत प्राप्त हुए। रमेश चंद्र को विजेता घोषित किया गया। कोषाध्यक्ष के लिए रमाशंकर को 151 मत हासिल हुए। जबकि अमित कुमार 170 मत मिलने पर विजयी बने। अध्यक्ष पद के लिए केवल डा. सत्येदव निगमालंकार ने नामांकन किया था। वह निर्विरोध निर्वाचित घोषित किए गए।

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