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प्रशासनिक अधिकारी बनना चाहती है दिव्या यादव
hridwar uttrakhanda india
Updated Sun, 22 May 2016 12:14 AM IST
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हरिद्वार किया टॉप
- फोटो : अमर उजाला
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हरिद्वार। यूपी के गाजीपुर जनपद के तहसील जमानिया के गांव धन्नी निवासी नारायण सिंह यादव की पुत्री दिव्या यादव ने इंटरमीडिएट में 97.2 प्रतिशत अंक प्राप्त कर गायत्री विद्यापीठ का नाम रोशन किया है। दिव्या यादव आईएएस बनकर गांव के साथ-साथ देश सेवा करना चाहती है। दिव्या अपने माता-पिता की अकेली संतान है।
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नारायण सिंह यादव का परिवार सन 2004 से गायत्री परिवार की सेवा कर रहा है। वह और उनकी पत्नी मीरा यादव दोनों गोशाला में सेवा कर रहे हैं। गायत्री परिवार को जीवन समर्पित कर चुके दंपति की एक ही पुत्री दिव्या यादव है। जिसे वह अपना सबकुछ मानकर पालन-पोषण कर रहे हैं। दिव्या यादव की शुरूआत से ही शिक्षा गायत्री विद्यापीठ में हुई। दिव्या यादव के पिता ने बताया कि उनके गांव के बालेश्वर राय आईएएस अफसर थे। उनका गांव में बड़ा सम्मान है और उन्होंने गांव का विकास कराया, तभी से उन्होंने सोच लिया था कि अपनी पुत्री को प्रशासनिक अधिकारी बनाएंगे। जिसके लिए उन्होंने रात दिन पढ़ाई पढ़ाई कराने में लगा दिया। अपनी पुत्री को गायत्री परिवार से संस्कार दिए और जीतोड़ मेहनत पर लगा दिया। दिव्या अपनी पढ़ाई के साथ-साथ छोटे बच्चों को भी पढ़ाती है। वह गायत्री परिवार के सभी आयामों के प्रतिभाग करती है और सभी संस्कारों को पूरा करती है। इसके अलावा शेष समय पढ़ाई में उपयोग करती है। दिव्या का कहना है कि पढ़ाई एक साधना है जिसमें तपस्या करने से सफलता का मार्ग प्राप्त होता है।
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